स्वाद और खाद्य उत्पादों का संगम चैंबर ऑफ फूड प्रोसेसिंग इंडस्ट्री एसोसिएशन के फूड एक्सपो में नजर आया। यहां कश्मीर के जंगली बबूल के शहद से लेकर ताजिकिस्तान, उज्बेकिस्तान और ईरान की 500 से 25000 रुपये में उपलब्ध हींग की खुशबू ने लोगों का ध्यान खींचा। हालांकि, कीमत सुनकर लोग दंग रह गए। स्टॉल संचालकों ने इनकी शुद्धता, सुगंध और औषधीय गुणों के बारे में बताया। वहीं, एक्सपो में पंजाबी मेयो, अमृतसरी मखनी चटनी, तिब्बती मोमो चटनी, बार्बीक्यू चटनी समेत 50 तरह के स्वाद उपलब्ध हैं।
वर्ष 2008 से मधुमक्खी पालन व शहद का कारोबार
बालूगंज निवासी शरद माहेश्वरी का कहना है कि कश्मीर के जंगली बबूल का शहद, नेपाल के जामुन का शहद, बिहार का मोरिंगा शहद और जम्मू का मल्टीफ्लोरा शहद लोगों को खास पसंद है। वर्ष 2008 में मधुमक्खी पालन करने के साथ ही शहद का स्टार्टअप शुरू किया था। वर्तमान में 12 प्रकार के शहद के प्रकार हैं। रिटेल में 700 रुपये से लेकर 1200 रुपये किलो कीमत है।
30 प्रकार की हींग लोगों को पसंद
हाथरस के अजय खंडेलवाल ने बताया कि ताजिकिस्तान, उज्बेकिस्तान और ईरान की हींग की खुशबू निराली है। स्टॉल पर अलग-अलग श्रेणी की हींग प्रदर्शित की गई। हमारे पास पाउडर, क्रिस्टल, तरल आदि 30 प्रकार की हींग है, जिसके लिए लोगों ने पूछताछ की।
50 से भी ज्यादा चटनी का व्यापार
महर्षिपुरम निवासी मोहित ने बताया कि घर पर बनी चटनी से विचार आया और 4 से 5 तरह की चटनी से शुरुआत की। अब 50 से भी अधिक तरह की चटनी बाजार में पेश कर चुके हैं। ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर फनट्रिप के नाम से 60 रुपये से लेकर 400 रुपये तक के चटनी उत्पाद बेच रहे हैं।