फिरोजाबाद में त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव के दौरान कोविड नियमों का उल्लंघन, नगला खंगर में दर्ज मारपीट व अभद्रता के मामले में पूर्व मंत्री अशोक यादव एसीजेएम एवं स्पेशल मजिस्ट्रेट एमपीएमएलए कोर्ट से जमानत मिल गई। उनके खिलाफ पंचायत चुनाव के दौरान ये मामले दर्ज कराए गए थे।
जिले में 2021 में हुए त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव के दौरान जिला पंचायत के वार्ड नं.31 में कोविड का उल्लंघन किए जाने का एक मामला थाना नगला खंगर और एक मामला थाना शिकोहाबाद में दर्ज कराया था। थाना नगला खंगर में सपा के पूर्व जिलाध्यक्ष दुर्गपाल उर्फ डीपी यादव की बेटी की ओर से पूर्व मंत्री अशोक यादव के खिलाफ थाना नगला खंगर में दर्ज कराया था।
शिकोहाबाद के साथ-साथ थाना नगला खंगर में दर्ज मामले एसीजेएम प्रथम एवं स्पेशल जज एमपीएमएलए कोर्ट अम्बरीश त्रिपाठी के न्यायालय में चल रहा था। सोमवार को पूर्व मंत्री स्पेशल मजिस्ट्रेट के न्यायालय में पेश हुए। पूर्व मंत्री की ओर से पैरवी वरिष्ठ अधिवक्ता राजेश कुलश्रेष्ठ एडवोकेट ने करते हुए कहा कि तीनों ही मामले गलत ढंग से दर्ज किए गए थे। उन्होंने इसके कई उदाहरण प्रस्तुत किए।
न्यायाधीश ने तीनों ही मामलों में पूर्व मंत्री अशोक यादव की जमानत अर्जी स्वीकार कर ली है। जमानत मिलने के बाद पूर्व मंत्री अशोक यादव ने कहा कि मेरे खिलाफ तीनों ही मामले झूठे दर्ज
कराए थे।