आगरा। सुबह की सैर पर निकले पूर्व पार्षद ने पुल छिंगा मोदी में 26 बोरी चावल लदा सरकारी राशन ऑटो में पकड़ा। जिला पूर्ति अधिकारी को इसकी सूचना दी। पूर्ति निरीक्षक ने राशन डीलर के दुकान की जांच की तो वहां बोरी सिलने की मशीन मिली। ऑटो लोहामंडी पुलिस के सुपुर्द कर दी गई। मामले में एफआईआर दर्ज की गई है। राशन डीलर की भूमिका संदिग्ध है।
पूर्व भाजपा पार्षद हेमंत प्रजापति बृहस्पतिवार सुबह 5.30 बजे सैर पर निकले थे। उन्होंने गली में एक लोडिंग ऑटो देखा। सुबह 5:30 बजे ऑटो देख चौक गए। ऑटो में बोरियां भरी थीं। रुकवाने पर चालक व उसके साथ मौजूद एक अन्य व्यक्ति भागने लगा, जिसे क्षेत्रीय लोगों ने पकड़ लिया।
उसने पूर्व पार्षद को बताया कि राशन डीलर रोहित बंसल की दुकान से माल ले जाकर रामबाग स्थित उनके गोदाम पर रखने के लिए जा रहे थे। सूचना पर पूर्ति निरीक्षक पहुंचे। पुलिस भी आ गई। ऑटो को थाने ले जाकर खड़ा कर लिया। जिला पूर्ति अधिकारी आनंद कुमार ने बताया कि राहुल नामक व्यक्ति के विरुद्ध केस दर्ज कराया है। राशन डीलर की जांच कराई जाएंगी।
राशन माफिया का गढ़ बना आगरा
आगरा राशन माफिया का गढ़ बन चुका है। मुफ्त बंटने वाले सरकारी राशन की कालाबाजारी में सिंडीकेट काम कर रहा है। सिंडीकेट से जुड़े कई लोग जेल जा चुके हैं। पूर्व एडीएम नागरिक आपूर्ति सुशीला अग्रवाल को राशन माफिया से मिलीभगत की आशंका पर हटाया जा चुका है। उनके विरुद्ध शासन में जांच चल रही है। इधर, रोहित बंसल के तार भी सिंडीकेट से जुड़े हो सकते हैं। वहीं, इस संबंध में डीएम अरविंद बंगारी का कहना है कि मामले की मजिस्ट्रेट से जांच कराई जाएगी।