आरोपियों से पूछताछ में पता चला कि जगदीश सरगना है। बाकी उसके सहयोगी हैं। आरोपी बड़े सटोरिए दिगनेर के अंकुश, संदीप और सुनील झाला के संपर्क में थे, जो भी कमाई होती है। यह आपस में बांट लेते हैं। मुकदमे में फरार आरोपी सटोरियों को भी वांछित किया गया है। उनकी गिरफ्तारी की जाएगी।
एप की मदद से ट्रेस हो रहे आरोपी
थाना प्रभारी निरीक्षक जितेंद्र कुमार ने बताया कि मोबाइल एप से सट्टा लगाने का चलन बढ़ता जा रहा है। मोबाइल पर कुछ एप डाउनलोड कर लिए जाते हैं। यह प्ले स्टोर में मिलते हैं। इसके बाद सट्टा लगाया जा रहा है। अब पुलिस एप की मदद से ही आरोपियों को ट्रेस कर रही हैं।