थाना प्रभारी निरीक्षक का कहना है कि सैन्य कैंटीन सप्लाई के नाम पर शराब की बिक्री की जा रही थी। सेना पुलिस को भी जानकारी दी जाएगी। तस्करों ने कुछ लोगों के नाम बताए हैं, जो कि शराब को खरीदते थे। इसके बाद लोगों को कैंटीन सप्लाई के नाम पर बेच देते थे।
लेबल और क्यूआर कोड नकली
आरोपियों ने पुलिस की पूछताछ में बताया कि वह राजस्थान और हरियाणा से सस्ती शराब खरीदकर लाते हैं। शराब की तीव्रता बढ़ाने के लिए केमिकल का प्रयोग करते हैं। बोतलों पर फर्जी लेबल और क्यूआर कोड लगाकर बेचने के लिए ले जाते हैं। कार से बरामद शराब राजस्थान से लेकर आए थे। कार विमल की है। उसने दिल्ली से खरीदी थी। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है।