फिरोजाबाद के सिरसांगज में रविवार शाम को हुए हादसे में एक परिवार के सारे अरमान तबाह हो गए। पढ़ाई के लिए गांव छोड़ने वालों ने नहीं सोचा था कि उन्हें एक हादसा दुनिया से दूर ले जाएगा। सपने तो टूट ही गए घर का चिराग भी बुझ गया।
जिला मैनपुरी के थाना बरनाहल का गांव फूलसहाय में रहने वाले मनोज यादव ने सपना देखा था कि उसके बच्चे पढ़ लिख जाएं। गांव में पढ़ाई का माहौल नहीं था। इसलिए मनोज कुमार ने गांव से शहर की ओर रुख किया। खुद गांव में खेती करते रहे लेकिन पत्नी और बच्चों को शिकोहाबाद के शंभूनगर में किराए पर कमरा दिला दिया।
बड़ा बेटा हिमांशु शिकोहाबाद के सेंट आरसीएस स्कूल में कक्षा छह में और छोटा बेटा प्रियांशु कक्षा एक में इस स्कूल में पढ़ रहा था। मनोज के साथ-साथ उसके दोनों बेटों की मौत हो गई। पत्नी अंजू और बेटी ईशा घायल हैं। छुट्टियां होने पर पूरा परिवार गांव आ गया था।
इसलिए आ रहा था परिवार
हादसा
- फोटो : अमर उजाला
सोमवार से स्कूल खुल रहे थे इसलिए मनोज पत्नी और बच्चों को लेकर आटो से ही शिकोहाबाद आ रहा था। उसे क्या पता था जिन बच्चों को पढ़ाने और आगे बढ़ाने का सपना लेकर वह जा रहा बीच में मौत का झप्पटा सब कुछ छीन लेगा। घायल अंजू और ईशा को तो पता भी नहीं है कि उसके परिवार के साथ क्या हादसा हुआ है।
अंजू की हालत काफी गंभीर है। इसी आटो में सवार पंकज भी गांव नगला दीनानाथ मैनपुरी का रहने वाला है। वह भी पढ़ाई के लिए गांव से सिरसागंज कोचिंग पढ़ने जा रहा था। मौत बन कर गिरे ट्रक ने उसकी जिंदगी भी छीन ली और परिवार के अरमानों को तोड़ दिया। मैनपुरी बरनाहल के गांव गढैया दान सहाय निवासी सौरभ को भी गांव में पढ़ाई नहीं मिल रही थी।
कोचिंग के लिए आ रहा था
हादसा
- फोटो : अमर उजाला
इसलिए वह भी कोचिंग करने के लिए गांव से सिरसागंज आ रहा था। सौरभ हादसे का शिकार हुआ और वह घायल है। उधर हादसे में मां और पिता दोनों को गंवाने की खबर लगते ही बेटा रंजीत बेहोश हो गया। उसकी हालत इतनी खराब हुई कि उसे जिला अस्पताल में भर्ती कराना पडा।
कांग्रेस के कार्यवाहक जिलाध्यक्ष प्रकाश निधि गर्ग ने बताया कि घटना की सूचना मिलने पर कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष और सांसद राजबब्बर ने शोक संवेदना व्यक्त की है। रात को शिकोहाबाद विधायक मुकेश वर्मा भी जिला अस्पताल पहुंच गए।