कासगंज के पुलिस अधीक्षक रोहन प्रमोद बोत्रे
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कासगंज में भाजयुमो जिलाध्यक्ष और पुलिस लाइन में तैनात दो सिपाहियों के बीच मामूली बात को लेकर कहासुनी हुई। सिपाहियों पर अभद्रता और गाली गलौज का आरोप है। भाजयुमो जिलाध्यक्ष की तहरीर पर दोनों सिपाहियों के खिलाफ पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर लिया है। सीओ ने मामले की जांच कर रिपोर्ट उच्चाधिकारियों को भेजी। इसके बाद एसपी ने आरोपी सिपाहियों को निलंबित कर दिया है।
घटना शुक्रवार देर रात की है, लेकिन मुकदमा शनिवार रात का दर्ज किया गया। भाजयुमो के जिलाध्यक्ष कुलदीप प्रतिहार ने पुलिस को तहरीर दी। इसमें लिखा कि पुलिस लाइन में तैनात सिपाही प्रदीप और अफसर खान ने नदरई गेट इलाके में उनसे अभद्रता की। नदरई गेट इलाके के बाद दोनों सिपाहियों ने बिलराम गेट इलाके में भी अभद्रता की और बाइक की चाबी छीन ली। सिपाहियों ने जान से मारने की धमकी भी दी।
इन धाराओं में दर्ज हुआ मुकदमा
भाजयुमो जिलाध्यक्ष की तहरीर पर पुलिस ने दोनों सिपाहियों के खिलाफ अभद्रता और जान से मारने की धमकी की धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया। मामले की जांच की गई। प्रथम दृष्टया सीओ सिटी दीप कुमार पंत ने दोनों सिपाहियों पर लगे आरोपों को सही माना है। हालांकि सिपाहियों ने अपने पक्ष में स्पष्ट किया है कि उन्होंने अभद्रता नहीं की। इस पर एसपी ने कार्रवाई करते हुए दोनों सिपाहियों को निलंबित कर दिया है।
सीओ सिटी दीप कुमार पंत ने बताया कि पुलिस लाइन में तैनात दो सिपाहियों पर अभद्रता का आरोप भाजयुमो जिलाध्यक्ष ने लगाया। दोनों के खिलाफ मुकदमा दर्ज करा दिया गया है। मामले की जांच में पाया गया है कि सिपाही दोषी हैं। रिपोर्ट उच्चाधिकारियों को भेजी है।