कासगंज। एक महिला आरक्षी ने नौकरी पर रहते हुए गलत तथ्यों के आधार पर 48 हजार रुपये वार्षिक का आय प्रमाणपत्र बनवा लिया। इस आय प्रमाणपत्र को बीएड की शिक्षा के लिए लगाकार पिछड़ा वर्ग एटा कार्यालय से छात्रवृत्ति भी ले ली। पुलिस ने तहरीर के आधार पर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। फिरोजाबाद के केशपुरा फरिहा निवासी संजय प्रताप सिंह ने पुलिस को मामले की तहरीर दी है। उसका आरोप है कि बीनू पुत्री सुरेश चंद्र निवासी नगला ताहर इकदिल इटावा की 2016 में महिला आरक्षी के पद पर नियुक्ति हुई। उस समय उनकी शैक्षिक योग्यता इंटर थी। महिला आरक्षी ने नियमित ड्यूटी पर रहते हुए एवं बिना परमीशन के मुकुट सिंह पंचशील महाविद्यालय में वर्ष 2018 में प्रवेश लिया।
बीएड की पढ़ाई के लिए उन्होंने इटावा तहसील कार्यालय से 48 हजार वार्षिक का आय प्रमाणपत्र बनवाकर छात्रवृत्ति का लाभ लेने के लिए लगाया। वर्ष 2020 में उन्होंने परीक्षा उत्तीर्ण कर ली। महिला आरक्षी ने अपने पद का दुरुपयोग किया है और धोखाधड़ी कर शिक्षा ग्रहण करने के साथ ही छात्रवृत्ति योजना का लाभ लिया है।
महिला आरक्षी के खिलाफ तहरीर के आधार पर मामला दर्ज कर लिया गया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है। जांच में जो तथ्य सामने आएंगे उसके आधार पर कार्रवाई की जाएगी।
-वीरेंद्र प्रताप गिरी, कोतवाली प्रभारी