यूपी के एटा में आलू की फसल बर्वाद होने से कर्ज में डूबे किसान ने घर पर साड़ी से फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली। जानकारी मिलने पर तहसीलदार और सीओ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
थाना राजा का रामपुर क्षेत्र के गांव रामनगर निवासी किसान वीर बहादुर सिंह (45) पुत्र बंगाली सिंह के पास निजी जमीन डेढ़ बीघा है। जबकि वह गांव के कुछ अन्य लोगों की जमीन पट्टे पर लेकर उसमें फसल करता था।
परिजनों ने बताया कि मृतक ने कर्ज लेकर आलू की फसल की थी। जिसका सही मूल्य न मिलने पर वह काफी दिनों से परेशान था। उसी को लेकर उसने देर रात घर पर ही साड़ी का फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली।
शव को फंदे पर लटकता देख परिजनों में कोहराम मच गया। चीख पुकार सुनकर आसपास के लोग मौके पर पहुंच गए। घटना की जानकारी राजा का रामपुर पुलिस को दी।
सूचना मिलने के बाद तहसीलदार और क्षेत्राधिकारी अलीगंज अजय भदौरिया मौके पर पहुंच गए। वही थाने में तहरीर देते हुए मृतक के भाई संजेश ने बताया कि पिछले साल से उसका भाई आलू की फसल बर्वाद होने से कर्जदार हो गया था।
आलू की फसल बर्वाद होने से फांसी का फंदा लगा जान देने वाले किसान वीर बहादुर सिंह की भतीजी रूपा पुत्री राजेश का रविवार को विवाह था। रात को दरबाजे आदि की रस्म अदा हो रही थी।
खुशियां मातम में तब्दील
उसी समय किसान ने कर्ज और आर्थिक तंगी से परेशान होकर फांसी का फंदा लगा लिया। शव को फंदे पर लटकता देख खुशी का माहौल मातम में तब्दील हो गया।
इस तरह से सुबह भतीजी को विदा करने से पहले ही चाचा फांसी लगाकर दुनिया अलविदा हो गया। किसान की मौत के बाद शादी की रस्म भी खानापूरी तक अदा की गई।