शिकायत में कहा गया है कि ऐसा साइबर अपराधियों के करने की आशंका है। वह फर्जी तरीके से लॉगिन आईडी का इस्तेमाल कर रहे हैं। थाना ताजगंज के प्रभारी निरीक्षक उमेश चंद्र त्रिपाठी ने बताया कि विवेचना की जा रही है। साइबर सेल की मदद से आरोपी की धरपकड़ की जाएगी।
फर्जी तरीके से बनाए गए 288 प्रमाणपत्र
मामला संज्ञान में आने के बाद नगर निगम की जांच कमेटी ने जांच की थी। इसके बाद पता चला था कि 288 जन्म-मृत्यु प्रमाणपत्र फर्जी हैं। इन सभी का पंजीकरण क्रमांक पोर्टल पर नहीं आ रहा है।