संवाद न्यूज एजेंसी
एटा। बागवाला थाना क्षेत्र के गांव सोंसा ईंट भट्ठे के पास 1 मई 2018 को मुठभेड़ का मुकदमा अदालत में चला। जहां पुलिस इसे मुठभेड़ को साबित नहीं करा सकी। जिस पर अदालत ने जिला कारागार में निरुद्ध चल रहे आरोपी का रिहाई परवाना जारी किया।
बागवाला पुलिस ने सिढ़पुरा थाने के गांव कलानी निवासी रजत के खिलाफ अदालत में आरोपपत्र भेजा था। जिसमें बताया गया कि गश्त के दौरान आरोपी ने रात 10.50 बजे थानाध्यक्ष बागवाला के साथ पुलिस टीम के रुकने का इशारा करने पर फायर किया। जिससे पुलिस टीम बच गई। आरोपी के कब्जे से तंमचा व कारतूस बरामद हुए।
अदालत में रजत ने आरोप झूठा बताया। बरामद दिखाया गया तमंचा अदालत में चलने योग्य नहीं पाया गया। वहीं उसकी जांच के लिए विधि विज्ञान प्रयोगशाला को भी पुलिस द्वारा नहीं भेजा गया। अदालत में पुलिस की ओर से वादी मुकदमा उपनिरीक्षक अखिलेश कुमार, विवेचक एसआई भैयालाल, आरक्षी हरीश कुमार व संजीव कुमार को पेश किया गया। मामले के तथ्यों व सबूतों पर विचार करने के बाद अपर सत्र न्यायाधीश त्वरित न्यायालय द्वितीय कमालुद्दीन ने आरोपी को बरी करने का आदेश दिया।