किसी भी शहर के विकास में अभियंता महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। बुनियादी ढांचे को खड़ा करने में तो इनका योगदान रहता ही है, ताजनगरी में कुछ ऐसे अभियंता हैं, जो समाज सुधार की ‘इंजीनियरिंग’ कर रहे हैं। पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूक कर रहे हैं। हरियाली रोप रहे हैं। पानी को बचाने के लिए जागरूक कर रहे हैं। सड़क, यातायात व्यवस्था सुधारने में भी भूमिका निभा रहे हैं।
शहर में 2500 पौधे रोपे
इंजीनियर उमेश शर्मा पर्यावरण संरक्षण पर काम कर रहे हैं। पौधे लगाते और लगवाते हैं, उनकी देखभाल करते हैं और दूसरों को जागरूक करते हैं। वह अब तक 2500 पौधे रोप चुके हैं। वह जल संरक्षण पर भी काम कर रहे हैं। वह सरकारी योजनाओं के संबंध में उद्यमियों की समस्या का निदान भी करते हैं।
संवारा मल्ल का चबूतरा
अभियंता संजीव शर्मा शाहगंज स्थित मल्ल का चबूतरा सुधार समिति से जुड़े हैं। मल्ल का चबूतरा शमशान बेहद खराब स्थिति में था। कूड़ा पड़ा रहता था। उन्होंने इसे संवारा। 8000 मीटर में 100 पौधे लगाए, देखभाल की, आज ये पौधे वृक्ष बन गए हैं। जिनकी समाधियों यहां बनी हैं उनके परिजनों से बात करके समाधियों को अन्य जगह स्थानांतरित कराया।