आगरा। थाना छत्ता में तैनात दरोगा पर दुकानदार के साथ मिलकर कर्मचारी को चोरी के आरोप में थर्ड डिग्री देने और जेल भेजने का आरोप लगा है। न्यायालय के आदेश पर दुकान स्वामी, दरोगा समेत छह पर प्राथमिकी दर्ज की गई है।
मोती कटरा निवासी ओमवीर सिंह तोमर ने बताया कि वह शाहगंज के पांडव नगर निवासी भजन होत चंदानी की दुकान में काम करते थे। दुकान में भजन के भाई जीत होत चंदानी, पुत्र अर्जुन और गौरव बैठते थे। 23 मई, 2025 को भजनलाल ने थाना छत्ता में अज्ञात पर दुकान में चोरी की प्राथमिकी दर्ज कराई थी। उन्हें इस बात की जानकारी नहीं थी।
जून माह में थाना छत्ता के गुदड़ी मंसूर खां पुलिस चौकी से दराेगा सुखवेंद्र सिंह फोर्स के साथ पहुंचे और उन्हें उठा ले गए। थाने और चौकी पर पीटा। उल्टा लटकाकर नाक से पानी पिलाने के साथ निजी अंग पर करंट लगाया। वह कहते रहे कि दुकान पर लगे सीसीटीवी कैमरे देख लिए जाएं पर दुकानदार ने कैमरे बंद होने की बात कही। चुपचाप दुकान पर पिछला हिसाब भूल काम करने को कहा गया। मना करने पर पुलिस ने उन्हें और उनके साथ काम करने वाले राहुल को पुराना खराब माल बरामद दिखाकर जेल भेज दिया।
ओमवीर का आरोप है कि उनके शरीर पर चोटें देख जेल प्रशासन ने उन्हें लेने से मना कर दिया था। इसके बाद पुलिस ने मेडिकल कॉलेज में इलाज कराने के बाद जेल भेजा था। एक माह बाद जेल से छूटने के बाद वह घर पर रह रहे थे। दुकानदार ने दोबारा शिकायत कर दी। पुलिस पूछताछ करने घर आने लगी तो वह परेशान हो गए। इसके बाद न्यायालय की शरण ली। थाना प्रभारी छत्ता ने बताया कि न्यायालय के आदेश पर प्राथमिकी दर्ज कर जांच की जा रही है। शिकायतकर्ता पर पूर्व में चोरी के मामले में प्राथमिकी दर्ज है।