जगनेर। जगनेर थाना क्षेत्र के गांव बरिगवां खुर्द में बुधवार सुबह घर के पास मवेशी चराने गए तीन भाई-बहन में से दो सगी बहनों की तालाब में डूबने से मौत हो गई। ग्रामीणों के प्रयास से उनके भाई की जान बच गई। घटना के बाद से परिवार में चीख-पुकार मची हुई। परिजन का रो-रोकर बुरा हाल है। पूरा गांव गमगीन है।
घटना सुबह तकरीबन 7 बजे की है। गांव बरिगवां खुर्द निवासी मुरारी के तीन बच्चे 12 वर्षीय पूनम, 10 वर्षीय टि्ंवकल और कपिल घर के पास ही पशुओं को चराने के लिए ले गए थे। चराते समय पशु पास ही स्थित तालाब की तरफ जाने लगे। यह देखकर पूनम दौड़ी। अचानक पैर फिसलने के कारण वह तालाब में जा गिरी। वह गहरे पानी में डूबने लगी। बहन को डूबता देखकर टि्ंवकल और भाई कपिल भी उसे बचाने के लिए तालाब में कूद गए। तालाब का पानी गहरा होने के साथ वहां दलदल भी था। तीनों भाई-बहन उसमें फंस गए और डूबने लगे। बच्चों की चीख-पुकार सुनकर आसपास मवेशियों को चरा रहे ग्रामीण और परिजन माैके पर पहुंचे। ग्रामीणों ने कपिल को तालाब से बाहर निकाल लिया, जिससे उसकी जान बच गई। दोनों बहनें पूनम और टि्ंवकल पानी की गहराई में समा गईं। ग्रामीणों ने कड़ी मशक्कत के बाद दोनों बहनों को बाहर निकाला, लेकिन तब तक उनकी माैत हो चुकी थी। घटना की सूचना पर जगनेर थाना पुलिस और एसीपी खेरागढ़ प्रीता दुबे पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचीं। पुलिस ने दोनों बच्चियों के शवों काे पोस्टमार्टम के लिए आगरा भेज दिया।
इंसेट
पूरा गांव गमगीन, नहीं जले चूल्हे
एक साथ सगी बहनों की माैत से परिजन रो-रोकर बेहाल है। वहीं, गांव बरिगवां में दिनभर मातम पसरा रहा। पूरा गांव गमगीन है। शोक में अधिकांश घरों में बुधवार को चूल्हे नहीं जले।
वर्जन
तीनों बच्चे तालाब पर मवेशी चराने गए थे। तालाब में डूबने से दो बच्चियों की माैत हो गई, जबकि उनके भाई को ग्रामीणों ने बचा लिया। घटना की जांच कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।
-प्रीता दुबे, एसीपी खेरागढ़