पुलिस ने विभव नगर में शुक्रवार देर रात छापा मार कर मथुरा के चर्चित सपा नेता शैलेंद्र अग्रवाल को उनके आवास से हिरासत में ले लिया। पुलिस ने बताया कि उसने एक दरोगा से दस लाख रुपये की धोखाधड़ी की है। पुलिस आरोपी को ताजगंज थाने लेकर आई, यहां देर रात तक पूछताछ की जा रही है।
ये कार्रवाई डीजीपी के निर्देश पर की गई। बताते हैं, शैलेंद्र जमीनों के कारोबार से भी जुड़ा हुआ है। वह जमीन और आलू भंडारण के नाम पर सैकड़ों लोगों के साथ करोड़ों की धोखाधड़ी कर चुका है। उसके खिलाफ जब तक शिकायतें मिलती रही हैं। मूल रूप से मथुरा का रहने वाला शैलेंद्र अग्रवाल लंबे समय से समाजवादी पार्टी से जुड़ा रहा है। पुलिस ने बताया कि शैलेंद्र ने जीआरपी में तैनात एसआई विजय सिंह चक और एसआई धीरज पाल से आलू भंडारण के नाम पर दस-दस लाख रुपया लिया और उन्हें आलू भंडारण में मोटा मुनाफा होने की बात कही थी। इस मामले में एसआई विजय सिंह चक ने लखनऊ में पुलिस महानिदेशक एके जैन से शिकायत की थी। बताया गया है कि मामले को गंभीरता से लेकर पुलिस महानिदेशक ने डीआईजी लक्ष्मी सिंह को उक्त सपा नेता के खिलाफ कार्रवाई के आदेश दिए थे। इसके बाद ताजगंज थाने में दरोगा ने शैलेंद्र अग्रवाल के खिलाफ धोखाधड़ी का मुकदमा दर्ज कराया। शुक्रवार की देर रात को एएसपी सलमान ताज पाटिल, सीओ सदर असीम चौधरी समेत कई थानों की पुलिस ने शैलेंद्र के आवास को घेर लिया और उसे पकड़ लिया। उसके आवास पर भी पुलिस बल तैनात कर दिया गया है।
हत्या में जा चुका है जेल
सपा नेता शैलेंद्र वर्ष 2005 में एक इनकम टैक्स कर्मचारी के अपहरण और हत्या के मामले में भी पकड़ा जा चुका है। थाना न्यू आगरा से जुड़े इस मामले में उसे जेल भेजा गया था।