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विश्वविद्यालय: आवासीय संस्थानों में नहीं हुई मेरिट लिस्ट की जरुरत, छात्रों को आसानी से मिला प्रवेश

Mon, 30 Nov 2020 12:01 AM IST
Abhishek Saxena न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा

सार

  • मेरिट लिस्ट बनाने की नौबत नहीं आई
  • अधिकतर पाठ्यक्रमों में सीटों से कम आवेदन मिले
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डॉ. भीमराव आंबेडकर विश्वविद्यालय - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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डॉ. भीमराव आंबेडकर विश्वविद्यालय के आवासीय परिसर के संस्थानों के अधिकतर स्नातक पाठ्यक्रमों में जो भी छात्र पहुंचा उसे प्रवेश मिल गया। संस्थानों को मेरिट लिस्ट बनाने की नौबत ही नहीं आई। पाठ्यक्रमों में सीटों के अनुपात में आवेदन ही कम मिले। आवेदन और संस्थानों में रिपोर्ट करने वाले छात्रों की संख्या की अपेक्षा प्रवेश बहुत कम हुए हैं। छात्रों को फोन करके बुलवाना पड़ा।
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ललित कला संस्थान में डिप्लोमा इन अप्लाइड आर्ट में 40 में से 13 सीटों पर प्रवेश हुआ है। इसी तरह मूर्तिकला की 20 में से तीन सीटें भरी हैं। डिप्लोमा इन परफॉर्मिंग आर्ट की 30 में से सात सीटों पर प्रवेश हुआ है।


डिप्लोमा इन फैशन डिजाइनिंग की 40 में से 29 सीटें भरी हैं। पेंटिंग व अप्लाइड आर्ट के सर्टिफिकेट कोर्स में 25-25 सीटें हैं। इनमें क्रमश: आठ और चार प्रवेश हुए हैं। कन्हैयालाल माणिकलाल मुंशी हिंदी एवं भाषा विज्ञान विद्यापीठ के बीए ऑनर्स हिंदी की 60 सीटे हैं। प्रवेश 13 ने लिया है। फ्रेंच, जर्मन और रशियन भाषा के सर्टिफिकेट कोर्स में 50-50 सीटें हैं। फ्रेंच में 45, रशियन में 33 और जर्मन में 24 सीटों पर प्रवेश हुआ है।
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बीएससी होम साइंस की 120 सीटों पर सिर्फ 30 का प्रवेश
गृह विज्ञान संस्थान के बीएससी होम साइंस पाठ्यक्रम में 120 सीटें हैं, प्रवेश 30 छात्राओं ने लिया है। अभी भी 90 सीटें खाली हैं। इंस्टीट्यूट ऑफ टूरिज्म एंड होटल मैनेजमेंट के बीए वोकेशनल में 30 सीटें हैं, प्रवेश महज चार ने लिया है।


बीबीए (एचएम) में 30 में से नौ सीटों पर प्रवेश हुआ है। सेठ पदमचंद जैन संस्थान के बीबीए पाठ्यक्रम में 60 में से 56 ने प्रवेश लिया है। स्नातक पाठ्यक्रमों में प्रवेश के लिए वेब रजिस्ट्रेशन के साथ आवेदन की प्रक्रिया बंद हो चुकी है।

उम्मीद से कम छात्रों के प्रवेश हुए
आवासीय संस्थानों के ज्यादातर पाठ्यक्रमों में उम्मीद से कम छात्रों के प्रवेश हुए हैं। संस्थानों में शैक्षणिक वातावरण बढ़िया बनाया जाएगा, जिससे आगामी सत्र में विद्यार्थी आकर्षित हों। -प्रो. अशोक मित्तल, कुलपति
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