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आगरा: 'लड्डू गोपाल' के साथ कोर्ट में पेश हुई राधा, डेढ़ साल से जिला जेल में है बंद, पढ़ें पूरा मामला

Fri, 25 Mar 2022 08:17 PM IST
मुकेश कुमार अमर उजाला ब्यूरो, आगरा

सार

आरोपी महिला राधा को जब जेल से कोर्ट परिसर में लाया जाता है तब उसके हाथ में लड्डू गोपाल भी रहते हैं। वह कहती है कि उसे अधिवक्ता से ज्यादा लड्डू गोपाल पर भरोसा है।  
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महिला की गोद में लड्डू गोपाल - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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दहेज हत्या के आरोप में नवंबर 2020 से आगरा जिला जेल में निरुद्ध राधा नाम की महिला शुक्रवार को कोर्ट में पेश हुई। वह गोद में लड्डू गोपाल की मूर्ति लेकर आई। यह देखकर वहां मौजूद लोग हैरान रह गए। बताया जाता है कि आरोपी महिला हर तारीख पर अपने लड्डू गोपाल को लेकर आती है। 

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इस मामले में इरादतनगर के नौहारिका निवासी हरीकिशन ने मुकदमा दर्ज कराया था। इसमें कहा था कि उन्होंने अपनी भतीजी खुशबू की शादी वर्ष 2016 में आरोपी सोनू के साथ की थी। सोनू के चाचा भगवान सिंह धौलपुर के गांव बमचौली मनिया निवासी थे। 

भगवान सिंह की मौत के बाद सोनू अपनी चाची राधा के साथ कमला नगर में रहने लगा। खुशबू भी साथ रहती थी। आरोप लगाया कि दहेज की मांग को लेकर सोनू खुशबू से मारपीट करता था। इससे परेशान होकर खुशबू मायके में रहने लगी। तीन अगस्त, 2020 को सोनू और राधा आए और उत्पीड़न नहीं करने का आश्वासन देकर खुशबू को ले गए। 

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भतीज बहू की हत्या का है आरोप 

आरोप है कि 23 नवंबर 2020 को खुशबू के साथ फिर मारपीट की गई। 27 नवंबर को इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। मामले में सोनू और उसकी चाची राधा के खिलाफ मुकदमा दर्ज हुआ। दोनों 28 नवंबर 2020 से जिला जेल में निरुद्ध हैं। राधा जेल में लड्डू गोपाल की मूर्ति को साथ ले गई थी। 

शुक्रवार को मुल्जिम के बयान हो गए। 28 मार्च को अपर जिला जज नीरज गौतम की कोर्ट में अभियोजन पक्ष की तरफ से एडीजीसी शशि शर्मा और बचाव पक्ष की तरफ से उनके वरिष्ठ अधिवक्ता अभय पाठक अंतिम बहस करेंगे। इसके बाद कोर्ट अपना फैसला सुनाएगा।

हर बार पेशी में होती हैं लड्डू गोपाल साथ

राधा को जब जेल से कोर्ट परिसर में लाया जाता है तब उसके हाथ में लड्डू गोपाल भी रहते हैं। पुलिसकर्मी और अधिवक्ता उससे पूछते हैं तो कहती है कि उसे अपने अधिवक्ता से ज्यादा लड्डू गोपाल पर भरोसा है। 

यदि वह दोषी होगी तो सजा दिलवाएंगे, निर्दोष होगी तो रिहाई मिलेगी। बताया गया है कि जेल की बैरक में भी राधा लड्डू गोपाल की पूजा करती है। दैनिक दिनचर्या से निवृत्त होने के बाद उसका पूरा समय अपने लड्डू गोपाल के साथ ही बीतता है।
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