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मैनपुरीः स्वीकृत पदों के सापेक्ष आधे भी नहीं हैं डॉक्टर, एक सप्ताह में दस मरीजों ने तोड़ा दम

Wed, 16 Sep 2020 11:14 AM IST
Abhishek Saxena न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मैनपुरी

सार

जिले में संक्रामक रोग तेजी से फैल रहे हैं। जिला अस्पताल में ओपीडी बंद होने के बाद भी हर रोज तीन सौ से अधिक मरीज पहुंच रहे
हैं। जिला अस्पताल में दवाइयों और संसाधनों की कोई कमी नहीं है, लेकिन डॉक्टरों की कमी के कारण मरीजों को उचित उपचार नहीं
मिल पा रहा है।
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जिला अस्पताल मैनपुरी - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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मैनपुरी जनपद डॉक्टरों की कमी से जूझ रहा है। जिला अस्पताल में स्वीकृत पदों के सापेक्ष आधे चिकित्सक भी नहीं हैं। डॉक्टरों की कमी के कारण मरीजों के उपचार में समस्या हो रही है। यही कारण है कि पिछले एक सप्ताह में ही संक्रामक बीमारियों से 10 मरीजों की मौत हो चुकी है। 
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जिले में संक्रामक रोग तेजी से फैल रहे हैं। जिला अस्पताल में ओपीडी बंद होने के बाद भी हर रोज तीन सौ से अधिक मरीज पहुंच रहे हैं। जिला अस्पताल में दवाइयों और संसाधनों की कोई कमी नहीं है, लेकिन डॉक्टरों की कमी के कारण मरीजों को उचित उपचार नहीं मिल पा रहा है। जिला अस्पताल में 26 डॉक्टरों के स्वीकृत पदों के सापेक्ष महज 12 की ही तैनाती है। इस काण कई मरीजों को निजी अस्पतालों या क्लीनिकों में मंहगा इलाज करवाना पड़ रहा है। 
 
बुखार और अस्थमा से दो मरीजों की मौत 
शहर के राधारमन रोड निवासी 60 वर्षीय नाथूराम को पिछले कुछ दिनों से अस्थमा की दिक्कत थी। परिजनों ने शनिवार को उन्हें जिला अस्पताल में भर्ती कराया था। यहां उपचार के दौरान रविवार की रात उनकी मौत हो गई। बेवर थाना क्षेत्र के गांव बूढ़ार निवासी सूरजपाल सिंह की 60 वर्षीय पत्नी गंगादेवी को पिछले कुछ दिनों से बुखार आ रहा था। परिजन उसका एक निजी डॉक्टर के यहां उपचार करा रहे थे। सोमवार को हालत बिगड़ने पर परिजन उन्हें लेकर जिला अस्पताल पहुंचे यहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
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मौसम में परिवर्तन हुआ है। जलभराव और मच्छरों की संख्या बढ़ने के कारण बुखार, डायरिया आदि के मरीज बढ़े हैं। ऐसे में लोगों को बचाव की जरूरत है। डॉ. जेजे राम, वरिष्ठ फिजीशियन जिला अस्पताल। 

बचाव के लिए यह करें उपाय-
- खुले में न लेटे, मच्छरों से बचाव के लिए मच्छरदानी का प्रयोग करें 
- घरों के आसपास गंदा पानी एकत्रित न होने दें 
- रखा हुआ खाना और काटकर अधिक समय तक रखे गए फल खाने से बचें
- विशेष डॉक्टर से ही उपचार लें 

जिला अस्पताल में डॉक्टरों की कमी पिछले सात साल से चली आ रही है। इसके लिए कई पत्र लिखे गए, लेकिन आज तक डॉक्टरों की तैनाती नहीं हो सकी। जितने डॉक्टर उपलब्ध हैं उनसे ही काम चलाया जा रहा है। डॉ. आरके सागर, सीएमएस 
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जिला अस्पताल में डॉक्टरों की तैनाती
 
पदनाम स्वीकृत पद कार्यरत  रिक्त
सीएमएस 01 01 00
फिजीशियन 02 01 01
सर्जन 02 01 01
ईएनटी सर्जन 03 00 03
नेत्र रोग विशेष   02 00 02
बालरोग विशेषज्ञ 02 01 01
रेडियोलॉजिस्ट 02 00 02
ईएमओ 03 02 01
कॉर्डियोलॉजिस्ट 01 00 01
अर्थोलॉजिस्ट 02 01 01
चेस्ट फिजीशियन 01 01 00
दंतरोग विशेषज्ञ     02 01 01
वरिष्ठ परामर्शदाता 02 02 00
त्वचारोग विशेषज्ञ 01 01 00
 
         
          
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