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UP: पैर की हड्डी टूटने पर जिस डॉक्टर ने किया ऑपरेशन...अब उसे ही देना पड़ा पूरा खर्चा, जानें क्या है पूरा मामला

Thu, 01 May 2025 09:25 AM IST
धीरेन्द्र सिंह अमर उजाला न्यूज नेटवर्क, आगरा

सार

पैर की हड्डी टूटने पर पीड़ित ने जिस डॉक्टर से ऑपरेशन कराया, उसे ही इलाज का खर्चा देना पड़ेगा। पीड़ित ने बताया कि उसका ऑपरेशन गलत किया गया। जिसके बाद पीड़ित को उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग के अध्यक्ष ने बड़ी राहत दी है। 
 
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ऑपरेशन (सांकेतिक) - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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पैर की हड्डी टूट जाने पर डॉक्टर ने गलत ऑपरेशन कर दिया। शिकायत पर जिला उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग ने पीड़ित के पक्ष में फैसला सुनाया। मगर, डॉक्टर अपील में राज्य आयोग चले गए। वहां से राहत न मिलने पर बुधवार को आयोग अध्यक्ष सर्वेश कुमार ने विपक्षी जय देवी नर्सिंग होम के डॉक्टर एसएन गुप्ता से जमा कराए 3,65,599 रुपये का चेक पीड़ित को सौंपा।
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एत्माद्दौला थाना क्षेत्र के टेढ़ी बगिया निवासी रघुवीर सिंह ने आयोग में वाद दायर किया था। आरोप लगाया कि 12 जून 1998 को वह घर की छत से गिर गए। पैर की हड्डी टूट गई। 14 जून 1998 को जय देवी नर्सिंग होम निकट रघुनाथ सिनेमा के डॉक्टर एसएन गुप्ता के पास लेकर गए। डॉक्टर ने भर्ती कर लिया। 13 हजार रुपये ऑपरेशन फीस जमा कराई। 44 दिन तक भर्ती रखकर रुपये जमा कराते रहे। 6 महीने बाद भी पैर सही नहीं हुआ।
 
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उन्होंने बताया कि तब 18 दिसंबर 1998 को डॉक्टर को फिर पैर दिखाया। उन्होंने फिर नर्सिंग होम में भर्ती कर रॉड और तार निकाल दिए। इसके बाद पैर में पस पड़ गया। इसके बाद अन्य डॉक्टरों से इलाज कराया। तब पैर ठीक हुआ। इस पर उन्होंने जिला उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग प्रथम में वाद दायर किया। 16 मई 2007 को आयोग के तत्कालीन अध्यक्ष ने पीड़ित के पक्ष में खर्च की रकम अदा करने के आदेश दिए थे।
 
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