आगरा में डिजिटल अरेस्ट कर शिक्षिका की मृत्यु के मामले में साइबर थाना में मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस का कहना है कि इंटरनेट कालिंग से पाकिस्तान के नंबर से शिक्षिका को काॅल किया गया था। जिस खाते में रकम जमा करने के लिए बोला गया था, उसकी आईडी निकलवाई जा रही है। आरोपी की लोकेशन पता करके कार्रवाई की जाएगी।
सुभाष नगर, अलबतिया रोड निवासी शिक्षिका मालती वर्मा के साथ घटना हुई थी। 30 सितंबर को पुलिस अधिकारी की डीपी लगी व्हाट्सएप आईडी के नंबर से काॅल किया गया था। बेटी के सेक्स स्कैंडल में फंसने की बात कहकर 1 लाख मांगे गए थे। दहशत में आई शिक्षिका की 4 घंटे में माैत हो गई थी।
डीसीपी सिटी सूरज राय ने बताया कि मामले में साइबर थाना में मुकदमा दर्ज कराया गया है। टीम को लगाया है। यह पता किया जा रहा है कि काॅल किसने और कहां से किया है। लोग सतर्क रहें, उसके लिए एक डवाइजरी भी जारी की गई है।
ध्यान रखें
अगर, कोई व्हाट्सएप काॅल करके किसी केस में फंसने के बारे में बताकर रुपयों की मांग करता है तो समझ जाएं ठगी कर रहा है। तुरंत काूल काट देना चाहिए। अपने नजदीक के पुलिस स्टेशन पर शिकायत करनी चाहिए। ध्यान रखें कि पुलिस कभी इस तरह से काॅल नहीं करती है। बैंक और बीमा कंपनी का अधिकारी बनकर काॅल करने वालों से सावधान रहें। झांसे में नहीं आए। अपने खाते, आधार कार्ड और एटीएम कार्ड की जानकारी साझा नहीं करनी चाहिए।