आगरा की आवास विकास कॉलोनी सेक्टर-16 में रहने वाली प्रेमलता 20 साल से आवासहीन है। 45 वर्षीय विधवा तीन बच्चों संग झोपड़ी में रहकर जिंदगी बसर कर रही है। समोगर निवासी सुधीर और रेखा के पास भी घर नहीं। ऐसे करीब 34 हजार से अधिक परिवारों को पक्की छत का इंतजार है। उधर, नरायच, कालिंदी विहार, पथौली व अन्य दुर्बल वर्ग की आवास योजनाओं में बने चार हजार से अधिक आशियाने खाली पड़े हैं और देखरेख के अभाव में खंडहर होने लगे हैं।
विकास प्राधिकरण के नरायच में 3640 आवास 12 साल से आवंटन के इंतजार में खंडहर हो रहे हैं। ऐसा ही हाल पथौली में कांशीराम आवास योजना के तहत बने 320 आवासों का है, 12 साल बाद भी इनमें से 60 घर ही आवंटित हो सके हैं। 20 नवंबर 2016 को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आगरा के कोठी मीना बाजार मैदान से पीएम आवास योजना का एलान किया था। 2022 तक हर बेघर को घर देने का ख्वाब दिखाया था। नगर निगम, डीएम कार्यालय, तहसील दिवस में माह 100 से अधिक लोग पक्का घर दिलाने की गुहार लगाते हैं। 2016 से 2022 तक आवास के लिए पीएम योजना के तहत करीब 80 हजार आवेदन डूडा को प्राप्त हुए हैं। जिनमें 2020 तक 40 हजार आवास स्वीकृत हुए। करीब 6 हजार आवेदक अपात्र हो गए। बाकी 34 हजार लोगों के लिए फंड नहीं मिला है।
भटक रही आवास के लिए
मैं घरों में झाडू-पोछा करती हूं। 20 साल से सेक्टर-16 पार्क में झोपड़ी डालकर रह रही हूं। पति रिक्शा चलाते थे। जुलाई में उनकी मौत हो गई। तभी से आवास के लिए दर-दर भटक रही हूं। - प्रेमलता उपाध्याय, सेक्टर-16
किराये की झोपड़ी
- मैं विकलांग हूं। किराये की झोपड़ी में रहता हूं। पीएम आवास योजना के तहत घर के लिए 2019 में आवेदन किया था। अभी तक घर नहीं मिला। बारिश में पानी भर जाता है। - सुधीर कुमार, समोगर
15 साल से नहीं आवंटन
मैं रिक्शा चालक हूं। 15 साल से घर को भटक रहा हूं। 2007 में काशीराम योजना में दुर्बल वर्ग घर के लिए आवेदन किया था, अभी तक घर का आवंटन नहीं हुआ है। - एदल सिंह, लोहामंडी
कराए जा रहे आवंटन
पथौली में दुर्बल वर्ग के आवासों का आवंटन कराया जा रहा है। लोग वहां रहने भी पहुंच गए हैं। जो मकान खराब हैं उन्हें ठीक करने के आदेश एडीए उपाध्यक्ष को दिए हैं। -अमित गुप्ता, कमिश्नर, आगरा मंडल
शुरू हो गई मरम्मत
60 से अधिक आवास तैयार हो गए हैं। उनका आवंटन किया जा सकता है। बाकी अन्य आवासों की मरम्मत जारी है। नरायच के आवासों को लेकर अभी निर्णय नहीं हुआ है। - चर्चित गौड़, उपाध्यक्ष, विकास प्राधिकरण
दो साल से नहीं मिला बजट
पीएम आवास योजना में करीब 80 हजार आवेदन आए हैं। 40 हजार स्वीकृत हो गए हैं। इनमें काम चल रहा है। 6 हजार अपात्र थे, बाकी 34 हजार के लिए दो साल से फंड नहीं मिला है। - मुनीष राज, परियोजना अधिकारी, डूडा