मऊ शहर के स्कालर पब्लिक स्कूल के बूथ पर शनिवार को वोट देने के लिए मतदाताओं की लगी लंबी कतार।
मथुरा में 25-25 रुपये के कर्ज में 80 हजार किसानों से वोटिंग का अधिकार छिन गया है। किसान चुनाव से बाहर हो गए हैं। कोआपरेटिव चुनाव में मतदाताओं की जारी जो सूची में कर्जदार किसानों का नाम नहीं है। हजारों किसान ऐसे हैं जिन पर कर्ज 25 से 100 रुपये का ही है।
जिले में 129 सहकारी समितियों के लिए 29 जनवरी को वोट डाले जाएंगे। सहकारी समितियों में दो लाख 17 हजार किसानों में से 1.50 लाख से अधिक किसानों पर 263 करोड़ से अधिक का बकाया चल रहा है।
सहकारिता चुनाव के लिए बनाई जा रही अनंतिम सूची में 80 हजार से अधिक ऐसे कर्जदार किसानों के नाम प्रकाश में आए हैं जिन पर 25, 31, 50 से लेकर 100 रुपये तक का कर्ज हैं और उनके कर्जदारों के खाते खुले हैं।
कर्जदार होने के चलते उन कर्जदार किसानों को वोट डालने के अधिकार से वंचित किया जा रहा है। इसमें मगोर्रा की समिति के 3945 किसानों में से दो हजार से अधिक किसान कर्जदार हैं।