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दरोगा की पुलिस ने नहीं सुनी तो रिपोर्ट दर्ज कराने के लिए जाना पड़ा कोर्ट, जानिए क्या है मामला

Thu, 14 Feb 2019 04:57 PM IST
मुकेश कुमार न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा
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FIR
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आगरा में भाजपा के पूर्व महानगर अध्यक्ष प्रमोद कुमार गुप्ता और रक्षा प्रकोष्ठ के पूर्व जिलाध्यक्ष मनोज शर्मा के खिलाफ एससी/एसटी एक्ट तथा तोड़फोड़ की धाराओं में केस दर्ज करने के आदेश कोर्ट ने दिए हैं। दोनों के खिलाफ प्रार्थना पत्र जीवनी मंडी चौकी पर तैनात दरोगा अरुण कुमार सिंह ने दिया।
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दरोगा अरुण का कहना है कि पहले थाने पर तहरीर दी गई, लेकिन पुलिस ने भाजपा नेताओं के खिलाफ रिपोर्ट नहीं लिखी। इसके बाद एसएसपी को प्रार्थना पत्र दिया लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई। तब जाकर अदालत का दरवाजा खटखटाया।

अरुण कुमार सिंह ने अधिवक्ता राजकुमार कुशवाह के माध्यम से स्पेशल जज (एससी/एसटी) अशोक कुमार यादव की कोर्ट में धारा 156 ( 3) के तहत प्रार्थना पत्र दिया था। इसमें कहा गया है कि 21 दिसंबर 2018 को प्रमोद कुमार गुप्ता निवासी नाव वाली गली, गुदड़ी मंसूर खां और मनोज शर्मा निवासी कृष्णा कॉलोनी जीवनी मंडी चौकी जीवनी मंडी पर आए। 
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उन्होंने कहा कि राज्य बनाम आशा देवी मामले में बगैर जांच के फाइनल रिपोर्ट लगा दीजिए। यह केस जान से मारने की धमकी, अपशब्द कहना, घर में चोरी की धाराओं का है। दरोगा का कहना है कि उन्होंने बगैर जांच के एफआआर लगाने से मना किया तो भाजपा नेता भड़क गए, जातिसूचक शब्द कहे, वर्दी का कालर पकड़ लिया, केस डायरी और कुर्सियां फेंक दीं। दरोगा योगेश कुमार ने उन्हें बचाया।
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