ताजनगरी के उद्योगों पर प्रदूषण फैलाने का आरोप लगाकर कई प्रतिबंध लगाए गए हैं, लेकिन धूल कणों को छोड़ दें तो प्रदूषणकारी तत्व मानक से भी कम हैं। मानसून में जोरदार बारिश के कारण धूल कण बैठे तो आगरा देशभर में स्वच्छ हवा के मानक में दूसरे नंबर पर रहा। बीते सप्ताह आगरा सिलीगुड़ी के साथ पहले नंबर पर रहा है।
पर्यावरण मंत्रालय ने एडहॉक मोरोटोरियम, व्हाइट कैटेगरी और ताज ट्रिपेजियम जोन अथारिटी ने प्रदूषण के लिए उद्योगों को जिम्मेदार मानते हुए कई प्रतिबंध लगाए हुए हैं। औद्योगिक संगठन पुरजोर विरोध कर चुनौती भी दे चुके हैं कि तीन दिन के लिए उद्योग बंद कर वायु गुणवत्ता का आंकलन कर लिया जाए या फै क्ट्रियों के बाहर मीटर लगा दिया जाए।
शनिवार को केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने आगरा समेत देशभर की वायु गुणवत्ता की सूची जारी की तो स्वच्छ हवा में आगरा दूसरे नंबर पर रहा। शुक्रवार और शनिवार को आगरा की वायु गुणवत्ता 30 रही, जबकि अलवर और हल्दिया 28 एक्यूआई के साथ देश में पहले नंबर पर रहे। सल्फर डाइक्साइड और नाइट्रोजन डाइक्साइड की मात्रा मानक से कम रही, जबकि पीएम 2.5 कण ही सबसे ज्यादा पाए गए।