बारिश और ओलावृष्टि ने जिले में भारी तबाही मचाई। भारत सरकार की गाइड लाइन के मुताबिक हुए आकलन के आधार पर जिले की सभी छह तहसीलों में तकरीबन 140 करोड़ रुपये की फसल नष्ट हुई है। रविवार को आंधी और बारिश से हुए नुकसान के आकलन को अधिकारियों को निर्देश जारी कर दिए गए हैं।
अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व राजकुमार ने बताया कि नुकसान का आकलन पहले पुरानी नीति के मुताबिक हुआ। तब प्रशासन ने करीब 12.58 करोड़ रुपये के नुकसान की रिपोर्ट प्रदेश सरकार को भेजी थी। इसमें केवल वही किसान शामिल थे जिनका नुकसान 50 फीसदी या इससे अधिक था। राज्य सरकार ने करीब तीन किश्तों में मुआवजा राशि का भुगतान कर दिया। इसमें करीब 9.25 करोड़ के चेक किसानों को बांटे जा चुके हैं। इसके बाद भारत सरकार की नई गाइड लाइन आई जिसमें फसल के नुकसान का आंकड़ा 33 फीसदी तक कर दिया। पुन: सर्वे कराया गया। रविवार को तहसीलदारों ने रिपोर्ट जिलाधिकारी के समक्ष प्रस्तुत कर दी है। इसके मुताबिक करीब 140 करोड़ रुपये का नुकसान हुआ है। उन्होंने बताया कि 33 फीसदी में जिले के अधिकांश किसानों को शामिल कर लिया गया है।