एटा के जलेसर में सटोरिया समेत छह जुआरियों को पकड़ने के बाद पांच को जमानत देने और एक को रिहा नहीं करने पर पुलिस के खिलाफ लोगों का मंगलवार शाम गुस्सा फूटा। लामबंद महिलाओं और पुरुषों की भीड़ ने मंगलवार देर शाम जेलसर थाने पर हमला कर पथराव और तोड़फोड़ कर हवालात में बंद सटोरिए को छुड़ा ले गई।
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पथराव और तोड़फोड़ में कोतवाल और मुंशी समेत छह सिपाही घायल हुए हैं। हालात बिगड़ते देख सर्किल का फोर्स बुलाने पर उपद्रवी मौके से भागे। पुलिस ने 11 नामजद 20 अज्ञात पुरुष और 40 अज्ञात महिलाओं समेत 71 के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर मामले की तफ्तीश शुरु कर दी है।
बताया गया है कि जलेसर कोतवाली पुलिस ने मंगलवार को दोपहर में इस्लाम नगर इलाके से छह लोगों को जुआ खेलते दबोचा था। शाम तक पुलिस ने पांच जुआरियों को थाने से जमानत पर रिहा कर दिया लेकिन मनोज नामक युवक को रिहा नहीं किया। पुलिस का दावा है कि चार दिन पहले इसी सटोरिए ने कोबरा पुलिस के सिपाहियों से अभद्रता की थी।
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सटोरिए को थाने से जमानत दिलाने के लिए लोग दिनभर मशक्कत करने रहे, लेकिन सफलता नहीं मिली। इसी से गुस्साए लामबंद लोगों ने महिलाओं संग मिल कर मंगलवार शाम 7.50 बजे जलेसर कोतवाली पर हमला बोल लिया। पुलिस के विरोध करने पर लामबंद पुरुषों और महिलाओं की भीड़ ने कोतवाली में घुस कर न सिर्फ तोड़फोड़ की बल्कि जमकर पथराव करते हुए सटोरिए मनोज को हवालात से छुड़ा ले गई।
आधा घंटे चला तांडव
पुलिस
- फोटो : अमर उजाला
भीड़ का आक्रोश देख कोतवाली में तैनात पुलिस कर्मी डयूटी छोड़ कर भाग निकले। तो भीड़ ने कोतवाली कार्यालय और मालखाने पर पथराव और तोड़फोड़ करते हुए कुर्सियां चकना चूर कर दीं। आक्रेशित भीड़ को रोकते वक्त पथराव और तोड़फोड़ के दौरान तीन मुंशी दो सिपाही और कोतवाली प्रभारी बुरी तरह जख्मी हो गए। भीड़ कोतवाली परिसर में आधा घंटे तक तांडव मचाने बाद तब भागी जब सर्किल क्षेत्र से पुलिस बल जलेसर कोतवाली पहुंचा। घायल मुंशी, सिपाही और कोतवाली को उपचार के लिए सरकारी अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां सिर में गंभीर चोटें आने पर कोतवाल और एक मुंशी को आगरा हायर सेंटर रेफर कर दिया गया है। जहां दोने की हालत गंभीर बनी हुई है।
बवाल में ये पुलिसकर्मी हुए घायल
पुलिस
- फोटो : अमर उजाला
जलेसर कोतवाली में पथराव और तोड़फोड़ के दौरान कोतवाल सुनील श्रीवास्तव, सिपाही गजेंद्र, ओमवीर, अजीत, वसीम, धीरज शर्मा घायल हुए हैं। चार सिपाहियों को प्राथमिक उपचार के बाद छुट्टी दे दी गई है। जबकि घायल कोतवाली सुनील श्रीवास्तव और मंशी अजीत को सिर में गंभीर चोटें लगने पर उन्हें आगरा हायर सेंटर रेफर किया गया है।
कोतवाली पर हमला कर पथराव और तोड़फोड़ कर पुलिस कर्मियों और कोतवाल को घायल करने के आरोप में पुलिस ने जलेसर निवासी संजू, धर्मेद्र, सुरेश, जय सिंह, पवन, रामजीलाल, पिंकी, पोथी, बसंत, लकी, प्रेमा को नामजद करते हुए अज्ञात 40 पुरुष और 20 महिलाओं के खिलाफ संगीन धाराओं में रिपोर्ट दर्ज की है। खास बात यह है कि बवाल के 48 घंटे बाद भी पुलिस एक भी बलवाई को गिरफ्तार नहीं कर पाई है।