आगरा के मलपुरा क्षेत्र के नगला रेवती में बंद मकान के अंदर 32 वर्षीय जूता कारीगर धर्मेंद्र का शव मिला। पुलिस के मुताबिक, शव दो से तीन दिन पुराना होने का अनुमान है और शरीर पर फफोले मिलने से जहर खाने की आशंका जताई जा रही है। सूचना पर पुलिस और फोरेंसिक टीम ने मौके पर पहुंचकर जांच की। मौत का वास्तविक कारण पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट होगा।
आगरा के मलपुरा क्षेत्र के नगला रेवती में बुधवार शाम को एक बंद मकान के अंदर जूता कारीगर का शव मिला। वह घर में अकेला ही था। परिवार के लोग रिश्तेदारी में गए थे। पुलिस ने शव करीब दो से तीन दिन पुराना होने का अनुमान लगाया है। है। मृतक के शरीर पर फफोले पड़े हुए थे, जिससे जहर खाने से मौत होने की आशंका जताई जा रही है।
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सूचना मिलने पर पुलिस के साथ ही फोरेंसिक टीम भी पहुंचीं। को भी बुलाया। पुलिस ने बताया कि यह मकान जगनेर रोड से लगभग 80 मीटर अंदर एक गली में स्थित है। मकान करीब 100 वर्ग गज का है, जिसमें दो कमरे और एक टीनशेड बना हुआ है। पड़ोसियों ने बताया कि मकान का दरवाजा पिछले दो दिन से नहीं खुला था। अनहोनी की आशंका होने पर पड़ोसियों ने पुलिस को इसकी सूचना दी थी।
पुलिस ने मौके पर पहुंचकर जांच-पड़ताल की। मृतक की पहचान धर्मेंद्र (32) पुत्र वेद प्रकाश के रूप में हुई है। धर्मेंद्र मूल रूप से सुल्तानपुरा, थाना सदर का निवासी था। वह पिछले कई वर्षों से नगला रेवती में ही रह रहा था। पड़ोसियों के अनुसार वह जूता बनाने का काम करता था। उसकी पत्नी और बच्चे कुछ दिन पहले किसी रिश्तेदारी में गए हुए थे।