पंचायत चुनाव में बीडीसी सदस्य पद के उम्मीदवार गौरव सिंह को बुधवार को खंदौली थाने में थर्ड डिग्री टार्चर किया गया। उसे इतना पीटा कि उसका शरीर नीला पड़ गया। कमर के नीचे खाल उधड़ गई। आरोप है कि उसके भाई और भतीजे ने दरोगा चंद्रपाल सिंह से साठगांठ करके उसे शांति भंग की धारा में पकड़वाकर यातनाएं दिलवाईं। उसका उपचार कराया जा रहा है। शिकायत पर एसएसपी ने सीओ एत्मादपुर को जांच सौंपी है।
कस्बे के गांव बिचपुरी निवासी गौरव सिंह वार्ड 20 से क्षेत्र पंचायत सदस्य के लिए नामांकन किया है। गौरव के बड़े भाई राजकुमार के पुत्र विष्णु ने भी इसी वार्ड से पर्चा दाखिल किया है। गौरव ने बताया कि भाई और भतीजा उस पर मैदान से हटने का दबाव बना रहे थे। उसके इंकार करने पर उन्होंने सबक सिखाने की धमकी दी थी। मंगलवार की रात को जब वह घर में सो रहा था, तभी खंदौली थाने के दरोगा चंद्रपाल सिंह पुलिसकर्मियों के साथ आए। उसे पीटा और यह कहते हुए ले गए कि थाना ले जाकर इसे नेता बनाते हैं। थाने में रातभर पटों और लाठियों से दरोगा और अन्य पुलिसकर्मियों ने पटाई की। गौरव के कूल्हे और हाथ में चोटें आई हैं। कूल्हे के पास खाल भी उधड़ गई है। बुधवार को पुलिस ने गौरव और गांव के कान्हा को शांति भंग में गिरफ्तार दिखाकर जेल भेजा, जहां से जमानत पर छूटने के बाद गौरव को अस्पताल में भर्ती कराया गया। खंदौली पुलिस का कहना है कि गांव में झगड़ा करने पर गौरव को पकड़ा था। गुरुवार को उसने एसएसपी प्रीतिंदर सिंह से शिकायत की।
मामला गंभीर, जांच के बाद होगी कार्रवाई
खंदौली थाने में पंचायत चुनाव के प्रत्याशी को पीटने की शिकायत आई है। इसकी जांच सीओ को सौंपी है। जांच के बाद दोषी पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई होगी।
- डाक्टर प्रीतिंदर सिंह, एसएसपी