आगरा। बैंगलोर-निजामुद्दीन राजधानी एक्सप्रेस की दो बोगियों में रविवार रात को बम होने की सूचना देकर सनसनी फैला देने वाला सेना का हवलदार अली मालाबर निकला। वह जालंधर के एयर डिफेंस मेें तैनात है। उससे रात भर सुरक्षा और खुफिया एजेंसियों ने पूछताछ की। उसने बताया कि उसे दिल्ली में राजधानी एक्सप्रेस पकड़नी थी। वह ट्रैफिक जाम में फंस गया था।
उसे लगा कि ट्रेन निकल जाएगी, इसलिए उसमें बम होने की सूचना रेलवे के दिल्ली कंट्रोल को दे दी थी। उसे लगा था कि दिल्ली में ही चेकिंग की जाएगी। इससे ट्रेन रुकी रहेगी और वह उसमें सवार हो पाएगा। उससे पूछताछ के बाद जीआरपी ने उसे गिरफ्तार कर लिया। उस पर सरकारी काम में बाधा डालने की धारा में केस दर्ज किया गया है। उसे न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है।
ट्रेन में बम होने की सूचना पर इसे आगरा कैंट स्टेशन पर रोक दिया गया था। रात 11 से एक बजे तक सघन तलाशी अभियान चला था। ट्रेन से एक संदिग्ध युवक पकड़ा गया था। वह पुलिस को देखकर छिपने की कोशिश कर रहा था। शक था कि उसी ने फोन किया है। वह कोच बी-1 में सवार था। उसने बताया कि वह सेना का हवलदार अली मालाबर है। ट्रेन छूटने की आशंका में उसने यह खुराफात की। हालांकि वह समय से स्टेशन पहुंच गया था और ट्रेन में सवार हो गया था। पुलिस ने आरक्षण चार्ट चेक कराया तो उसका नाम मिला। उसे गिरफ्तार कर लिया गया।
गृह मंत्रालय से तलब की गई रिपोर्ट
आगरा। राजधानी एक्सप्रेस में बम होने की इस सूचना से दिल्ली तक हड़कंप मच गया। इस पूरे मामले में गृह मंत्रालय से भी रिपोर्ट तलब कर ली गई। इसके बाद आगरा के सैन्य अधिकारियों ने भी आरोपी से पूछताछ की। इस मामले में जीआरपी के थाना प्रभारी मणिकांत शर्मा ने मुकदमा दर्ज कराया।