12एमएनपी-20-घिरोर पुलिस की हिरासत में फिरौती मांगने के आरोपी
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मैनपुरी। घिरोर थाना क्षेत्र से लापता हुए एक युवक के परिचित ने उसके परिजनों को ठगने की योजना बनाई। दो युवकों के साथ मिलकर लापता के परिजनों से 15 लाख की फिरौती मांगी। रुपये न देने पर युवक की हत्या करने की धमकी दी थी। पुलिस ने बृहस्पतिवार को दोनों को गिरफ्तार कर खुलासा कर दिया है।
गांव नगला बाग निवासी अवधेश पुत्र अमृत लाल 17 अक्तूबर को घर से ससुराल सिंहपुर में एक कार्यक्रम में शामिल होने की कह कर निकला था, लेकिन न तो वह ससुराल पहुंचा और न ही घर लौटकर आया। परिजनों की ओर से अवधेश की गुमशुदगी दर्ज कराई गई थी।
इस बीच परिचित शैलेंद्र पुत्र सुघर सिंह ने युवक के लापता होने का फायदा उठाना चाहा। पुलिस के मुताबिक शैलेंद्र ने अपने साथी आकाश और सुरजीत निवासी नगला मनी के साथ मिलकर अवधेश के परिजनों से फिरौती मांगने की योजना बनाई। वह अवधेश के परिजनों से फोन पर बातचीत कर जानकारी लेने लगा। शैलेंद्र ने आठ नवंबर को अवधेश के भाई को फोन कर मंडी के पास बुलाया। वहां पहुंचने पर कहा कि दिल्ली में उनका दोस्त आकाश है।
उसे तुम्हारे भाई की जानकारी है। भाई से मिलवाने के लिए 15 लाख रुपये की फिरौती मांगी। ऐसा न करने पर अवधेश को जान से मारने की धमकी दी थी।
फिरौती का मामला सामने आने के बाद पुलिस जांच में जुट गई। बृहस्पतिवार को प्रभारी निरीक्षक पहलवान सिंह ने शैलेंद्र और सुरजीत को गिरफ्तार कर लिया। दोनों से पूछताछ की गई तो दोनों ने सच्चाई कबूल की।
बताया कि वह लोग नहीं जानते ही अवधेश कहा है। उसके लापता होने के बाद उन्होंने अवधेश के घरवालों को ठगने की योजना बनाई थी। इसलिए 15 लाख रुपये की फिरौती मांगी थी। पुलिस ने गिरफ्तार दोनों आरोपियों को न्यायालय में पेश किया। वहां से दोनों को न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया गया।
प्रभारी निरीक्षक थाना घिरोर ने बताया कि लापता युवक के परिजनों से फिरौती मांगने वाले दो आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। वहीं लापता युवक की तलाश की जा रही है।