घिरोर। थाना पुलिस द्वारा मुठभेड़ के दौरान पकड़े गए वाहन चोर इंटरनेट से वाहनों की रजिस्ट्रेशन कॉपी निकालते थे। वाहन की बिक्री करने के दौरान आरसी खरीददार को उपलब्ध करा देते थे। शातिर पलक झपकते ही वाहनों के चेसिंग नंबर भी बदलने में माहिर थे। पूछताछ के दौरान दोनों ने अपराध करने का तरीका भी पुलिस को बताया।
थाना पुलिस ने बृहस्पतिवार की देर रात इमरान और सोहेल नाम के दो शातिर वाहन चोरों को गिरफ्तार किया। जब उनके पूछताछ की गई तो दोनों ने पुलिस के सामने वाहन चोरी के अपने तरीके के बारे में बताया। बताया कि इंटरनेट से वह वाहनों के रजिस्ट्रेशन नंबर की कॉपी निकलवा लेते थे। उसी नंबर की नंबर प्लेट बनाकर गाड़ी पर लगा देते थे।
चेकिंग के दौरान पुलिस जब नंबर सर्च करती थी, तो नेट पर वही कार दिखाई देती थी। बताया कि इमरान चेसिस नंबर बदलने में माहिर है। तेजाब के जरिए महज पांच मिनट में किसी भी वाहन का चेसिस नंबर मिटाने के साथ ही नया नंबर खोद देता है। वह वाहनों को 50-60 हजार रुपये तक में बेच देते थे। वाहनों को कबाड़ में भी कटवा देते थे। प्रभारी निरीक्षक ने बताया कि दोनों शातिरों को मुकदमा दर्ज कर जेल भेजा गया है।