अलीगंज में जाम लगाते आक्रोशितों को समझाती पुलिस- अमर उजाला
- फोटो : ETAH
एटा। अलीगंज क्षेत्र के चमन नगरिया में हुआ हादसा अगर कुछ देर पहले हुआ होता तो और बड़ा हादसा हो सकता था। ट्रैक्टर जिस दीवार को तोड़ कर बाहर निकला है उसी के पास मोहल्ले के अन्य बच्चे भी खेल रहे थे। हादसे के कुछ देर पहले ही वह बच्चे वहां से हटकर दूसरी जगह चले गए। हादसे के बाद परिजन मैनपुरी रोड पर जाम लगाए रहे। वह ट्रैक्टर व प्लॉट मालिक को बुलाने की जिद पर अड़े थे।
हादसे में बच्ची की मौत की जानकारी जैसे ही मोहल्ले व आस पड़ोस के लोगों को हुई तो सभी एकजुट होकर घटना स्थल की ओर दौड़ पड़े। सभी अपने अपने बच्चों की तलाश में लग गए। हालांकि तीन बच्चे ही घायल हुए थे, जिनमें से एक बच्ची रिया की मौत हो गई। प्रत्यक्षदर्शियों की मानें तो जरा सी देर हुई होती तो पांच छह बच्चे दीवार के नीचे दब सकते थे। हादसे को लेकर लोगों को गहरा आक्रोश था। वह किसी कीमत पर जाम खोलने को तैयार नहीं थे। वह प्लॉट मालिक पूर्व सांसद के भतीजे व बसपा नेता जुनैद मियां को मौके पर बुलाने की बात पर अड़े हुए थे। अलीगंज विधायक सतपाल सिंह राठौर ने भी काफी समझाने का प्रयास किया लेकिन परिजन उनकी मानने को भी तैयार नहीं थे। काफी देर तक जाम न खुलने पर एसडीएम अलीगंज भी मौके पर आ गए। इधर काफी देर तक जाम लगे होने के चलते दोनों तरफ बड़ी संख्या में वाहन फंसे रहे।
मौके पर पहुंची तीन थानों की पुलिस
जाम न खोलने पर अड़े परिजन और लोगों में दिख रहे आक्रोश के चलते पुलिस अधिकारियों ने सतर्कता बरतते हुए आसपास के थानों की पुलिस मौके पर बुला ली। जानकारी मिलते ही थाना जसरथपुर, नयागांव और अलीगंज थाने का पुरा पुलिस बल मौके पर मौजूद था। पुलिस हर स्थिति से निपटने के लिए तैयार थी।
बंद कमरे में भी किया समझाने का प्रयास
जुनैद मियां को मौके पर बुलाने पर अड़े परिजनों को समझाने का काफी प्रयास किया गया। विधायक सतपाल सिंह राठौर, सीओ अजय भदौरिया और एसडीएम पी एल मौर्या ने मृतक बच्ची के पिता राजबहादुर को भीड़ से अलग किया। इसके बाद उसे अलग कमरे में ले जाकर समझाने का काफी देर तक प्रयास करते रहे। देर रात तक बच्ची के पिता राजबहादुर और विधायक व अधिकारियों की वार्ता चलती रही।
घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस बल मौके पर पहुंच गया। जाम लगाए लोगों को समझाने का प्रयास किया जा रहा है। जल्द ही जाम खुलवा दिया जाएगा।
अजय भदौरिया, सीओ अलीगंज