इससे पहले रेलवे अधिकारी ने कोरोना संक्रमित बेटी को छिपा लिया था। युवती के पति में पहले ही कोरोना की पुष्टि हो चुकी थी। युवती का सैंपल लिया जा चुका था। उसका अब एसएन मेडिकल कॉलेज में उपचार चल रहा है।
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दो-दो साल की सजा का प्रावधान
चिकित्सक और उसके बेटे पर आईपीसी की तीन धाराएं लगाई गई हैं। ये हैं 188, 269 और 270 । 188 निषेधाज्ञा के उल्लंघन पर लगती है, अन्य दोनों ऐसी लापरवाही करने पर लगती हैं जिनसे महामारी फैलने का खतरा उत्पन्न हो जाए। इन धाराओें में दोष सिद्ध होने पर दो दो साल कारावास का प्रावधान है।
आसपास के घरों को किया गया सैनिटाइज
- फोटो : अमर उजाला
शुक्रवार को चिकित्सक दंपती के अस्पताल के आसपास करीब डेढ़ किमी तक का क्षेत्र मॉपिंग और सैनिटाइज किया गया। इसमें स्वास्थ्य विभाग और नगर निगम की 50 टीमें जुटीं। शनिवार से घर-घर जाकर लोगों की सेहत की स्क्रीनिंग की जाएगी।
सुबह टीम क्षेत्र में पहुंच गई, घरों में जाकर सैनिटाइज करने का कार्य शुरू कर दिया। दरवाजा, शौचालय, दीवार, फर्श और वाहनों को सैनिटाइज किया गया। उनको घरों में रहने की हिदायत दी गई है। नालियों और आसपास छिड़काव भी कराया गया।
शनिवार से तीन किमी एरिया में आने वाले घरों का स्वास्थ्य सर्वे किया जाएगा। इसमें टीम उनकी सेहत की जानकारी कर संदिग्ध लोगों के नमूने लेगी। सीएमओ डॉ. मुकेश वत्स ने बताया कि घरों को सैनिटाइज कराने के साथ लोगों की स्क्रीनिंग का कार्य भी कराया जाएगा।