एसपी आरए प्रमोद कुमार ने बताया कि अस्मिता की फेसबुक आईडी को चेक किया गया। इसमें अस्मिता ने ज्यादा जानकारी नहीं डाली है। उसका नेपाल का पता लिखा है, लेकिन यह फर्जी भी हो सकता है।
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उसने कुछ दिन पहले से ही फेसबुक अपडेट करना बंद कर दिया है। इस कारण पुलिस उसकी लोकेशन ट्रेस नहीं कर पा रही है। हालांकि सर्विलांस की टीम को लगा दिया है। जरूरत पड़ने पर नेपाल पुलिस की भी मदद ली जाएगी।
सिलीगुड़ी में भी पड़ताल
पुलिस की एक टीम को सिलीगुड़ी भेजा जाएगा। नीलम का सहयोगी राहुल बच्चों को सिलीगुड़ी तक ले जाता था। यहां से बच्चों को नेपाल में बेच दिया जाता था। पुलिस को नीलम से पूछताछ में यह पता चला था। पुलिस सिलीगुड़ी में सक्रिय अस्मिता के एजेंट के बारे में पता करेगी।