मैनपुरी। गर्मी में किसी का भी हलक सूखा न रहे, इसके लिए प्रयास शुरू हो गए हैं।
पहले चरण में हैंडपंप सही कराए जाएंगे। तालाबों की खोदाई और अन्य कार्य भी कराए जाएंगे। इसके लिए मुख्य विकास अधिकारी ने सभी खंड विकास अधिकारी और सहायक विकास अधिकारी पंचायत को पत्र जारी कर दिया है।
गांवों में गर्मी से पहले पेयजल संकट को दूर करने के लिए कवायद शुरू हो गई है। पहले चरण में जिले की सभी 552 ग्राम पंचायतों में खराब पड़े हैंडपंपों को सही कराने के साथ ही तालाबों में पानी भरवाया जाएगा। तालाबों में ट्यूबवैल या नहर के माध्यम से पानी भरवाना होगा। खराब हैंडपंपों को सही कराने के लिए जलनिगम से सत्यापन के बाद उनकी मरम्मत और रीबोर का कार्य होगा। सीडीओ नगेंद्र शर्मा ने सभी खंड विकास अधिकारियों और सहायक विकास अधिकारी पंचायतों को आदेश जारी कर दिया है।
उन्होंने कहा है कि गांवों में तालाबों का जीर्णोद्धार भी कराया जाए।
इसके अलावा गांवों में बनी पाइप पेयजल परियोजनाओं पर भी विशेष जोर दिया जाएगा। जो परियोजनाएं बंद पड़ी हुई हैं, उन्हें जल निगम के साथ मिलकर सही कराने के आदेश दिए हैं। पानी की आपूर्ति पाइपलाइन से शुरू कराने के बाद यूजर चार्ज भी वसूला जाएगा। आदेश जारी होने के बाद अब पंचायत सचिवों को भी खंड विकास अधिकारियों की ओर से निर्देशित किया गया है।
हैंडपंप के पास बनेगी चरही
गांवों में पशुओं के लिए भी पानी की व्यवस्था की जाएगी। इसके लिए सभी हैंडपंप के पास चरही का निर्माण कराया जाएगा। ऐसे में आवारा गोवंश व अन्य पशुओं के लिए गर्मियों में पानी की कमी नहीं होगी। इसका विशेष ध्यान रखने के आदेश दिए गए हैं।
गर्मी शुरू हो चुकी है, ऐसे में पानी की कमी न हो इसका ध्यान रखा जाना जरूरी है। प्राथमिकता पर सभी हैंडपंप सही कराने के साथ ही तालाबों की मरम्मत और पानी भरवाने के लिए आदेश जारी किया गया है। लगातार इसकी मॉनीटरिंग भी की जाएगी।
नगेंद्र शर्मा, मुख्य विकास अधिकारी।