आगरा रेंज में इस बार नामांकन से लेकर मतदान तक मैनपुरी और फीरोजाबाद में ज्यादा सख्ती बरती जाएगी। इसका कारण यहां पिछले लोकसभा और विधानसभा चुनाव के दौरान हिंसा और एक ही प्रत्याशी के पक्ष में 70 फीसदी मतदान होना है।
इस बार संवेदनशील और अतिसंवेदनशील पोलिंग स्टेशन का चिन्हिकरण तीन आधार पर किया जा रहा है। एक तो पिछले चुनाव में हुई हिंसा। दूसरा 95 फीसदी से अधिक मतदान। तीसरा एक ही प्रत्याशी के पक्ष में 70 फीसदी से अधिक मतदान। इन सभी आधार पर भी मैनपुरी और फीरोजाबाद ज्यादा संवेदनशील हैं। इन जनपदों में पुलिस निरोधात्मक कार्रवाई ज्यादा करेगी। चेकिंग अभियान लगातार चलाया जाएगा। नामांकन के दौरान ज्यादा फोर्स तैनात रहेगी। मतदान में माइक्रो आव्जर्वर की अधिक तैनाती के साथ पोलिंग स्टेशन पर कैमरे भी लगाए जाएंगे। अभी से जगह-जगह फ्लैगमार्च शुरू कर दिया गया है। आगरा और मथुरा में भी पुलिस चौकसी बरत रही है। निरोधात्मक कार्रवाई तेजी के साथ की जा रही है।
जिले वार आंकड़े
आगरा: 2012 के विधानसभा चुनाव में एक केस दर्ज हुआ। इसमें चार आरोपी नामजद थे। चारों की गिरफ्तारी हुई। चारों के खिलाफ चार्जशीट दाखिल हुई। मामला खंदौली का था।
आगरा: 2014 के लोकसभा चुनाव में चार केस दर्ज हुए। इसमें 31 लोग नामजद किए गए। सभी की गिरफ्तारी की गई। सभी के खिलाफ चार्जशीट भी दाखिल की गई।
मथुरा: 2012 के विधानसभा चुनाव में गड़बड़ी या हिंसा का कोई मामला दर्ज नहीं हुआ था।
मथुरा: 2014 के लोकसभा चुनाव के दौरान अभिनेत्री हेमा मालिनी और रालोद के जयंत चौधरी के बीच हाईप्रोफाइल मुकाबला होने के बावजूद चुनावी हिंसा का कोई केस दर्ज नहीं हुआ था।
फीरोजाबाद: 2012 के विधानसभा चुनाव में 12 केस दर्ज किए गए। 66 आरोपी बनाए गए। 61 गिरफ्तार किए गए। 11 मामलों में चार्जशीट और एक में फाइनल रिपोर्ट लगी।
फीरोजाबाद: 2014 के लोकसभा चुनाव में 12 केस दर्ज किए गए। 25 लोग नामजद किए। 20 गिरफ्तार हुए। पांच को क्लीन चिट मिली। नौ केस में चार्जशीट लगी, तीन में फाइनल रिपोर्ट।
मैनपुरी: 2012 के विधानसभा चुनाव में 12 केस दर्ज किए गए। 19 लोग नामजद कराए गए। चार गिरफ्तार हुए। 15 को क्लीन चिट। नौ केस में चार्जशीट लगी तीन में फाइनल रिपोर्ट।
मैनपुरी: 2014 के लोकसभा चुनाव में तीन केस दर्ज किए गए। पांच लोग आरोपी बनाए गए। एक की नामजदगी गलत मिली। चार गिरफ्तार किए गए। दो केस में चार्जशीट लगी और एक में एफआर।