आगरा। प्रधानमंत्री सूक्ष्म खाद्य उन्नयन योजना से बने जिले के पहले कॉमन इन्क्यूबेशन सेंटर का पांच साल से बिजली के लिए बजट का इंतजार खत्म हो गया है। कनेक्शन के लिए उद्यान एवं खाद्य प्रसंस्करण विभाग को सात लाख रुपये मंजूर किए गए हैं। एक साल पहले आई आलू प्रसंस्करण की मशीन मार्च में चालू होने की उम्मीद है। विभाग ने इसके संचालन के लिए प्राइवेट फर्म से आवेदन मांगे हैं।
इस सेंटर को डौकी उद्यान परिक्षेत्र में 7 हजार वर्ग फीट क्षेत्र में बनाया गया है। इसमें आलू, पेठा और नमकीन प्रसंस्करण इकाई लगेंगी। सेंटर में प्रधानमंत्री सूक्ष्म खाद्य उद्योग उन्नयन (पीएमएफएमई) योजना के तहत किसानों, एफपीओ, महिला स्वयं सहायता समूहों और युवा उद्यमियों को प्रशिक्षित किया जाएगा। सेंटर इंचार्ज लोकेश सिंह सेंगर ने बताया कि सेंटर पर आलू प्रसंस्करण की मशीन आ चुकी है। इस मशीन से चिप्स, पाउडर व अन्य उत्पाद बनेंगे, जिनकी पैकिंग इसी से होगी। इस प्लांट की क्षमता प्रति घंटा 100 से 150 किग्रा उत्पादन की है। अभी पेठा और नमकीन के लिए मशीन नहीं आई है। निदेशालय से सेंटर के लिए बिजली कनेक्शन के लिए सात लाख मंजूर हो गया है। मार्च तक मशीन का संचालन शुरू होने की उम्मीद है। इन पर किसान मजदूरी पर अपने आलू के चिप्स आदि तैयार करा सकते हैं।
प्राइवेट फर्म को दिया जाएगा सेंटर
सेंटर का संचालन प्राइवेट फर्म को सौंपा जाएगा। उससे विभाग किराया वसूलेगा। इसके लिए विभाग ने प्राइवेट फर्मों से आवेदन मांगे है। विभागीय अधिकारियों के नियंत्रण में इसमें युवा उद्यमियों को प्रशिक्षण के साथ प्रसंस्करण और पैकिंग की तकनीक सिखाई जाएगी।