राजीव गांधी ग्रामीण विद्युतीकरण योजना के तहत हुए सर्वे की पोल खुल गई। मंगलवार को दक्षिणांचल विद्युत वितरण निगम लिमिटेड (डीवीवीएनएल) के एमडी ने खंदौली ब्लाक के पैंतखेड़ा गांव का निरीक्षण किया। वहां तमाम कार्य होने की जरूरत है, लेकिन सर्र्वे करने वाली संस्था ने ‘कोई कमी नहीं है’ दर्शाया था। एमडी ने पुन: सर्वे के निर्देश दिए हैं।
राजीव गांधी ग्रामीण विद्युतीकरण योजना के तहत जिले के 859 गांवों और 2452 मजरों में विद्युतीकरण कराया जाना था। नोएडा की संस्था मैसर्स एकुरेट ट्रांसफार्मर लिमिटेड को इसकी जिम्मेदारी सौंपी गई थी। संस्था की ओर से पेश रिपोर्ट में कहा गया था कि तमाम गांवों में विद्युतीकरण पहले से ही पूर्ण है। इस पर डीवीवीएनएल आफिस में ग्रामीण शिकायतें करने लगे। एमडी एसवीएस राठौर ने मंगलवार को खंदौली ब्लाक के पैतखेड़ा गांव का निरीक्षण किया। गांव में कई पोल, ट्रांसफार्मर और तार लगाने की जरूरत थी, लेकिन संस्था ने इस गांव में भी कोई कमी नहीं दर्शायी थी। एमडी ने संस्था को दोबारा सर्वे कराने के निर्देश दिए हैं। निरीक्षण के दौरान मुख्य अभियंता अतुल निगम, अधीक्षण अभियंता और अधिशासी अभियंता मौजूद रहे।