आगरा। एसएन मेडिकल कॉलेज के क्षय एवं वक्ष रोग विभाग में बृहस्पतिवार को विश्व क्षय रोग दिवस पर जागरूकता शिविर व संगोष्ठी का आयोजन किया गया। विभागाध्यक्ष डॉ. संतोष कुमार ने कहा कि मरीजों और उनके परिजनों में टीबी रोग से बचाव और इलाज के बारे में जागरूकता कम है। अस्पताल में आने वाले मरीजों और तीमारदारों को जानकारी उपलब्ध कराई जा रही है।
संगोष्ठी में बताया गया कि किसी व्यक्ति को दो हफ्ते से अधिक समय तक खांसी हो तो उसे तत्काल नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र पर जाकर परामर्श लेना चाहिए। टीबी का इलाज छह माह दिया जाता है। एचआईवी संक्रमित मरीजों में टीबी से ग्रसित होने की संभावना सर्वाधिक रहती है। शिविर में 210 मरीजों को देखा गया। 70 मरीजों के एक्स-रे किए गए, 36 मरीजों की बलगम की जांच की गई। डॉ. सचिन कुमार गुप्ता, डा. अश्विन, डॉ. अचल सिंह, डॉ. अमिरुल हक, डॉ. विपिन, डॉ. मनोज आदि की उपस्थिति रही।
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आगरा। आईएमए भवन तोता का ताल में टीबी दिवस पर आयोजित कार्यक्रम में 200 टीबी रोगियों को गोद लिया गया। मुख्य विकास अधिकारी ए. मणिकंडन ने कहा कि राज्यपाल आनंदीबेन पटेल की पहल पर क्षय रोगियों को गोद लेने की व्यवस्था शुरू की गई है। जो लोग क्षय रोगियों को गोद ले रहे हैं, वह नियमित फोन कर मरीज या उसके परिजन से जानकारी लेंगे। मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. अरुण कुमार श्रीवास्तव, जिला क्षय रोग अधिकारी डॉ. संत कुमार, जिला पीपीएम समन्वयक कमल सिंह ने भी विचार रखे। आईएमए के वर्तमान और निर्वाचित अध्यक्ष, डीटीसी से अरविंद कुमार यादव, शशिकांत पोरवाल पंकज सिंह, अखिलेश शिरोमणि की उपस्थिति रही।
टीबी दिवस से ही क्षय रोगियों को खोजने के लिए विशेष अभियान शुरू किया गया है। स्वास्थ्य विभाग के नेतृत्व में यह अभियान 13 अप्रैल तक चलेगा। इसकी जिम्मेदारी सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारी (सीएचओ) संभालेंगे। टीबी के संभावित लोगों की एचआईवी और ब्लड शुगर की जांच होगी। 24 घंटे में रिपोर्ट दी जाएगी। रोगी को सात दिन की दवा दे दी जाएगी। सीएचओ, आशा टीबी मरीज को हर माह दवाएं देंगी व निगरानी करेंगी।
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जिले की सभी टीबी यूनिट और स्वास्थ्य इकाइयों में विश्व क्षय रोग दिवस पर क्षय उन्मूलन के लिए जागरूकता रैली निकाली गई। स्वास्थ्य विभाग व जन चेतना सेवा समिति ने ताजगंज के नाहरगंज स्थित शिव मंदिर परिसर में स्वास्थ्य शिविर का आयोजन किया। उप मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. आरसी माथुर, डॉ. पीएस चौहान, रेनूबाला, मधु, नौशाद, शिखा राजौरिया आदि उपस्थित रहे।