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फर्जी दस्तावेज से सेना में भर्ती कराने का ठेका लेने वाला गिरफ्तार, आरोपी की मां है प्रधान

Mon, 13 Jul 2020 12:20 AM IST
मुकेश कुमार न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा

सार

  • ताजगंज पुलिस ने 10 दिन पहले पकड़े थे दो सदस्य
  • अभ्यर्थी और उसका पिता भी गिरफ्तार किया गया था
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arrested - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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आगरा की थाना ताजगंज पुलिस ने सेना भर्ती में फर्जी दस्तावेज लगाकर पास कराने का ठेका लेने वाले गिरोह के सरगना राकेश चौधरी को रविवार को गिरफ्तार कर लिया। वो ग्राम प्रधान का बेटा है। 10 दिन से पुलिस उसकी तलाश में लगी थी। गिरोह के अन्य सदस्यों के बारे में जानकारी जुटाई जा रही है।   

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थाना ताजगंज के प्रभारी निरीक्षक नरेंद्र कुमार की टीम ने 10 दिन पहले सेना में फर्जी दस्तावेजों से भर्ती कराने का ठेका लेने वाले गिरोह के दो सदस्यों गांव बुढ़ाना निवासी उदय और बुलंदशहर निवासी जितेंद्र को पकड़ा था। उनके साथ भर्ती के लिए आए अभ्यर्थी बुलंदशहर निवासी आकाश और उसके पिता भी पकड़े गए थे। उन्हें भी जेल भेजा गया था। 
 


रविवार रात को गांव से दबोचा


गिरोह के सदस्यों से पूछताछ में पता चला कि उनका सरगना गांव बुढ़ेरा का राकेश चौधरी है। पुलिस उसके लिए गांव में जाल बिछाए थी। रविवार रात को पुलिस ने राकेश चौधरी को उसके गांव बुढ़ेरा से ही पकड़ा। 

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पुलिस के अनुसार, राकेश की मां ग्राम प्रधान हैं। वो सेना में भर्ती कराने के लिए फर्जी दस्तावेज तैयार कराने का काम कई साल से कर रहा है। पांच से छह लाख रुपये तक लेता था। प्रदेश में कई जिलों में गैंग के सदस्य सक्रिय हैं। पिछले दिनों शामली में भी उसके साथी पकड़े गए थे। 

बना ली करोड़ों की संपत्ति 

पुलिस ने बताया कि राकेश और उदय ने फर्जीवाड़े से काफी संपत्ति बनाई है। पुलिस सूत्रों के अनुसार गिरोह के सरगना के पास करोड़ों की संपत्ति है। हालांकि अब भी जांच कर रही है। राकेश प्रधान मां के सभी कार्य भी देखता था। 
 
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प्रदेश के कई जिलों में नेटवर्क 

गिरोह के सदस्य गांवों में सक्रिय रहते हैं। सेना भर्ती की तैयारी में लगे नवयुवकों को फर्जी दस्तावेजों की मदद से पास कराने का झांसा देते हैं। मेडिकल, निवास प्रमाणपत्र, चरित्र प्रमाणपत्र फर्जी तरीके से तैयार कर देते हैं। इनका नेटवर्क प्रमुख रूप से प्रदेश के बरेली, सीतापुर, मेरठ, फर्रुखाबाद, शाहजहांपुर आदि जिलों में है। 

ये हैं अभी फरार 

पुलिस ने सरगना राकेश चौधरी को गिरफ्तार कर लिया है लेकिन हाथरस का सतीश, धौलपुर का सुरेंद्र, शामली का सरविंद्र, बाह का साधू यादव और मेरठ का सचिन अब भी फरार हैं। कुछ सदस्य शामली में पकड़े जा चुके हैं। उदय और जितेंद्र से पुलिस ने बैंक पासबुक, मोबाइल और फर्जी दस्तावेज बरामद किए थे।
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