अमेरिकी राष्ट्रपति बराक ओबामा के सुरक्षा घेरे को कोई लांघ न पाए, इसको लेकर हिंदुस्तानी और अमेरिकी एजेंसियां खास तैयारी कर रही हैं। उनके इर्दगिर्द रहने वाले हर भारतीय को अमेरिकी सुरक्षा एजेंसी ही अनुमति देगी। यहां तक कि ओबामा को ताजमहल से रूबरू कराने वाले गाइड को भी कड़ी परीक्षा से गुजरना होगा। इसके लिए अमेरिकी सुरक्षा एजेंसी ने गृह मंत्रालय से पांच गाइडों की सूची मांगी है, जो पर्यटन मंत्रालय के अधिकारियों की मदद से उपलब्ध करा दी गई है।
ताजमहल तब तक सिर्फ एक बेजान इमारत है, जब तक इसके साकार होने की वजह से लेकर इसकी कला, ऐतिहासिकता और खासियत के बारे में न जाना जाए। इस काम को अनुभवी गाइड ही बेहतर ढंग से करते हैं। अपनी जानकारी से वह इस संगमरमरी इमारत को जीवंत कर देते हैं। ओबामा को भी एक गाइड के माध्यम से ताजमहल से रूबरू कराया जाएगा। इसके लिए गाइड की खोज शुरू कर दी गई है। चूंकि मामला सुरक्षा से जुड़ा हुआ है, इसलिए गाइड का चयन गोपनीय तरीके से किया जा रहा है। गृह मंत्रालय को पांच गाइडों की सूची भेजी गई है। इनमें से अधिकांश वह गाइड हैं, जो ओबामा से पहले तमाम अमेरिकी वीवीआईपी के साथ-साथ अमेरिकी पर्यटकों को गाइड करते रहे हैं।
ताज में मौजूद रहने वाले कर्मचारियों की लिस्ट मांगी
अमेरिकी सुरक्षा एजेंसी ने पुरातत्व विभाग और पुरातत्व विभाग के ही गार्डन ब्रांच के अधिकारियों और कर्मचारियों की सूची मांगी है। ताकि 27 जनवरी को ओबामा की विजिट से पहले सुरक्षा एजेंसी के अधिकारियों के पास इनका पूरा ब्योरा रहे। ताजमहल पर लगभग डेढ़ सौ कर्मचारी प्रतिदिन विभिन्न कार्यों के लिए तैनात रहते हैं। सुरक्षा कारणों के चलते ओबामा के भ्रमण के दौरान इनमें से दर्जनभर से भी कम कर्मचारी ताज में रहेंगे।