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UP: आगरा विश्वविद्यालय की व्यवस्थाओं की परीक्षा, 27 जनवरी को रहेगी कड़ी चुनौती

Fri, 26 Jan 2024 10:09 AM IST
धीरेन्द्र सिंह अमर उजाला ब्यूरो, आगरा

सार

आगरा विश्वविद्यालय की परीक्षाएं शुरू हो चुकी हैं। 27 जनवरी को 29,883 परीक्षार्थी शामिल होंगे। ये आगरा विवि के लिए किसी बड़ी चुनौती से कम नहीं है।
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परीक्षार्थी। संवाद
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विस्तार
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डॉ. भीमराव आंबेडकर विश्वविद्यालय प्रशासन की व्यवस्थाओं की 27 जनवरी को असली परीक्षा होगी। राष्ट्रीय शिक्षा नीति के तहत शुरू हुई स्नातक और परास्नातक पाठ्यक्रमों की विषम सेमेस्टर की परीक्षा में उस दिन 29,883 परीक्षार्थी शामिल होंगे। सभी विद्यार्थियों को प्रवेशपत्र के साथ परीक्षा में शामिल कराने की चुनौती होगी। परीक्षा फाॅर्म 25 जनवरी को भरे गए।
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विश्वविद्यालय की 27 को पहली पाली में स्नातक द्वितीय सेमेस्टर की इंडस्ट्रियल माइक्रोबायोलॉजी, म्यूजिक वोकल और इंडस्ट्रियल केमिस्ट्री की परीक्षा है। दूसरी पाली में स्नातक पांचवें सेमेस्टर की जूलॉजी, बायोटेक्नोलॉजी, फिलॉस्फी, फिशरीज, हॉर्टिकल्चर आदि के द्वितीय प्रश्नपत्र के साथ एमकॉम की भी परीक्षाएं हैं। तीसरी पाली में स्नातक प्रथम सेमेस्टर की भौतिक विज्ञान व उर्दू की परीक्षा है। पहले दिन की परीक्षा में करीब 18 हजार विद्यार्थी पंजीकृत थे, इसके बाद भी समस्याएं आई थीं। सभी को प्रवेशपत्र नहीं मिल पाए थे।

कंट्रोल रूम का प्रभारी तय नहीं
विश्वविद्यालय प्रशासन की ओर से सीसीटीवी कैमरे के माध्यम से परीक्षा केंद्रों पर नजर रखने के लिए कंट्रोल रूम का प्रभारी तय नहीं किया गया है। परीक्षा केंद्रों को अभी तक कंट्रोल रूम से जोड़ा नहीं जा सका है। परीक्षा नियंत्रक डॉ. ओमप्रकाश ने पहले बताया कि आईईटी के निदेशक प्रो. मनु प्रताप कंट्रोल रूम का काम देख रहे हैं, बाद में किसी और का नाम बताया।
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उड़नदस्तों के संचालन की जिम्मेदारी भी नहीं दी गई
विश्वविद्यालय ने जिला समन्वयकों को पत्र जारी नहीं किया है। उनको परीक्षा में उड़नदस्तों के संचालन की जिम्मेदारी नहीं दी गई है। परीक्षा शुरू होने से पहले औटा के पदाधिकारियों ने कुलपति से मिलकर कहा था कि समन्वयक परीक्षा समिति के सदस्याें को ही बनाया जाए। उड़नदस्ता सदस्यों के लिए नाम संगठन से प्राप्त किए जाएं। मनमानी तरीके से दस्तों का संचालन न किया जाए।
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