बचाने गया था शिवम
शिवम के पिता मुकेश की परचून की दुकान है। शिवम भी दुकान पर बैठता था। वह बीए कर रहा था। दो भाई और एक बहन में बड़ा था। परिजन ने बताया कि वह पहले पांच युवक डूबे थे। उन्हें बचाने के लिए शिवम यमुना में कूद गया था। मगर, बाहर नहीं निकल सका। पानी गहरा होने की वजह से डूब गया। रामवरन एक शोरूम में काम करता था। उसके पिता शिव कुमार चौकीदारी करते हैं। बाबू संजय प्लेस में फोटोस्टेट की दुकान पर काम करता था। पिता सुनील एक फैक्टरी में काम करते हैं।
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