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'सरकार'... छह महीने में न गड्ढे भरे, न आगरा के छह लाख लोगों को 'गंगाजल' मिला

Tue, 18 Feb 2020 12:26 AM IST
मुकेश कुमार न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा
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मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ - फोटो : अमर उजाला
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मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ आज शाम को ताजनगरी में होंगे। हालांकि वो अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के कार्यक्रम की तैयारियों का जायजा लेने आ रहे हैं लेकिन लोगों की नजरें उन पर लगी हैं कि वो क्या सौगात देते हैं। 
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लोग जानना चाहते हैं कि उन्होंने जो घोषणाएं कर रखी हैं, वे पूरी क्यों नहीं हो रही हैं। न गड्ढे भरे गए हैं, न ही छह लाख लोगों को गंगाजल मिल पाया है। मुख्यमंत्री ने छह महीने पहले कहा था कि गड्ढे भरे जाएंगे, सबको मीठा जल मिलेगा। 

मेट्रो के लिए जमीन ही नहीं मिली

मेट्रो ट्रेन योगी सरकार का ड्रीम प्रोजेक्ट है। यह 2021 तक पूरा होना है लेकिन काम कछुआ चाल से चल रहा है। सिर्फ सर्वे ही हुआ है । डीपीआर बन गई है। मेट्रो यार्ड के लिए जमीन तक फाइनल नहीं हो पाई है। 
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पहले पीएसी की जमीन का प्रस्ताव था, फिर देहात में जमीन ढूंढी गई और नया यह है कि पीएसी और विधि विज्ञान प्रयोगशाला का मिलाकर जमीन ली जाए। यहां दिक्कत यह है कि एक हजार से ज्यादा पेड़ हैं। इन्हें काटने की अनुमति सुप्रीम कोर्ट से लेनी होगी।

एयरपोर्ट : दो साल से सिर्फ वादे

जमीन का अधिगृहण तीन साल पहले हो गया था। दो साल पहले बाउंड्री बन गई है। इसके बाद से काम बंद है। न टर्मिनल बन रहा है। न ही यात्रियों की सुविधाओं के लिए कोई काम किया जा रहा है। और क्या कहें, उड़ान योजना के तहत फ्लाइट तक  नहीं मिल रही हैं आगरा को। लखनऊ, मुंबई, इंदौर, भोपाल के लिए फ्लाइट घोषित हैं लेकिन शुरू नहीं की जा रही हैं।

बैराज : डीपीआर से आगे बात ही नहीं

ताजमहल के पास नगला पैमा में बैराज बनाया जाना है। मुख्यमंत्री खुद इसका मुआयना करने के लिए गए थे लेकिन इसकेआगे कोई बात ही नहीं बनी। डीपीआर बनाई गई लेकिन पैसा मंजूर नहीं हुआ। आगरा के लोग 25 साल से बैराज की मांग कर रहे हैं। इससे बनने पर शहर की पेयजल समस्या हल हो सकती है।

एसएन : और बीमार हुआ, इलाज नहीं मिल रहा 

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ दो साल पहले खुद एसएन आए थे। इसके बावजूद यहां व्यवस्थाएं सुधरी नहीं है। न दवाइयां पूरी मिल रही हैं। न ही जांच हो रही हैं। और क्या कहें स्ट्रेचर तक नहीं मिल रहे हैं मरीजों को। पुजारी का शव पांच दिन तक पड़ा रहा और प्राचार्य ने पांच दिन में कोई कार्रवाई नहीं की। एसएन के बाहर प्राइवेट एंबुलेंसों का जमावड़ा है। इनके चालक मनमानी कर रहे हैं।  
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टूटी सड़कों पर चलना मुश्किल हुआ 

ग्वालियर रोड, रोहता-दिगनेर रोड, बिचपुरी, शास्त्रीपुरम, बल्केश्वर , मदिया कटरा .. जहां देखो सड़क टूटी है। इन पर चलना मुश्किल हो गया है। मुख्यमंत्री ने पिछले साल सितंबर में कहा था कि अक्तूबर में सड़कें गड्ढा मुक्त कर दी जाएगी। छह महीने बीत गए। अब तक गड्ढे ज्यों के त्यों नहीं, और गहरे और चौड़े हो गए हैं। 

खनन माफिया पुलिस पर कर रहे हमले 

खेरागढ़, बाह, पिनाहट, फतेहपुर सीकरी, अछनेरा  में खनन माफिया सक्रिय हैं। धौलपुर से भी आ रहे हैं। ये पुलिस पर हमले कर रहे हैं। दो बार गोली चला चुके। एक बार दरोगा और एक बार सिपाही को घायल किया था। इसके बावजूद इन पर नकेल नहीं कसी जा रही है । ऐसे भी मामले आ चुके हैं जिनमें पुलिसवालों की खनन माफिया से मिलीभगत मिली है।
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