ताज के पीछे टावर बने न भवन
बोर्ड बैठक में कमिश्नर ने निर्देश दिए कि आगरा मास्टर प्लान-2031 में प्रावधान किया जाए कि ताजमहल के पीछे कोई टावर, भवन या बहुमंजिला इमारत न बने, जिससे बैकग्राउंड का दृश्य खराब न हो। ग्रेटर आगरा के लिए रहनकलां, एत्मादपुर मदरा, रायपुर, बुढाना गांव की जमीन अधिग्रहण के मामले में कार्रवाई पुरानी पद्धति से ही की जाएगी। बैठक में डीएम प्रभु एन सिंह, नगर आयुक्त निखिल टी फुंडे, एडीए उपाध्यक्ष राजेंद्र पैंसिया आदि मौजूद रहे।
सीवर और पानी के लिए मांगी रिपोर्ट
एडीए बोर्ड की बैठक में कमिश्नर ने शहीद नगर, इंदिरापुरम, नेहरू एनक्लेव योजना के जलापूर्ति और सीवर व्यवस्था की समीक्षा की। इनके अलावा शास्त्रीपुरम के ओवर हैड टैंकों की जानकारी प्राप्त की गई है। अधिकारियों ने बताया कि शास्त्रीपुरम में कई ओवरहेड टैंकों को मरम्मत करके चालू किया जा सकता है। उन्होंने कालिंदी विहार के 4.5 एमएलडी एसटीपी और सदरवन के 36 एमएलडी एसटीपी के संचालन की जानकारी ली।
पथकर में रखे गए आठ करोड़ रुपये के प्रस्ताव
एडीए बोर्ड बैठक के बाद कमिश्नर की अध्यक्षता में अवस्थापना और पथकर सलाहकार समिति की भी बैठक हुई थी। एडीए के अधिकारियों ने अवस्थापना से कोई प्रस्ताव नहीं रखा। पथकर राशि से आठ करोड़ रुपये के प्रस्ताव रखे गए थे। इससे ताजमहल के आसपास के बागीचों के विकास, ताज के दो किमी में सफाई कर रही कंपनी के भुगतान के लिए धन देने का प्रस्ताव पारित किया गया। कमिश्नर ने पथकर निधि से अन्य किसी कार्य के लिए भुगतान करने को एडीए को मना किया।