मैनपुरी। उत्तर प्रदेश हेल्थ स्टेट स्ट्रेंथनिंग परियोजना के तहत कार्यरत संविदा कर्मचारियों की सेवाएं आज से समाप्त होने जा रही हैं। पिछले चार वर्ष से जिला अस्पताल में कार्यरत 60 कर्मचारियों में सेवा समाप्ति होने से जबरदस्त आक्रोश है। गुरुवार को कर्मचारियों ने विरोध जताते हुए कार्य बहिष्कार कर दिया। प्रदर्शन करते हुए संविदा बहाली की मांग की।
संयुक्त स्वास्थ्य आउट सोर्सिंग/ संविदा कर्मचारी संघ के बैनर तले जिला अस्पताल में तैनात कर्मचारियों ने कार्य बहिष्कार किया। जिला अस्पताल के ओपीडी गेट के बहार कर्मचारी प्रदर्शन करते हुए धरने पर बैठ गए। कर्मचारियों ने यहां फल वितरित करने पहुंचे जिलाधिकारी प्रमोद कुमार उपाध्याय को ज्ञापन भी दिया।
देर शाम तक कर्मचारी धरना प्रदर्शन पर जमे रहे। कर्मचारियों की मांग है कि वे पिछले चार वर्ष से काम कर रहे हैं और जिला अस्पताल में बड़ी संख्या में कर्मचारियों की कमी चल रही है। इसे देखते हुए उनकी संविदा को बढ़ाया जाए। इस दौरान शिव कुमार, अरिदमन प्रताप सिंह, रुचि यादव, अमित गुप्ता, मनीष चंद्र, पारुल पांडेय, अभिषेक कुमार, अमित कुमार गुप्ता, मनीष कुमार, सच्चिदानंद सहित सभी 60 कर्मचारी शामिल मौजूद रहे।
जिला अस्पताल में परेशान रहे मरीज
संविदा कर्मचारियों के कार्य बहिष्कार से जिला अस्पताल में व्यवस्थाएं चरामरा गईं। यहां पैथोलॉजी जांच केंद्र और एक्सरे कक्ष में दो बजे ही ताला लटक गया। जबकि इन्हें 24 घंटे खोले जाने के निर्देश हैं। इसके अलावा इमरजेंसी में आने वाले मरीजों को भी समय से उपचार नहीं मिल सका।
कई मरीजों को यह कहते हुए भर्ती नहीं किया गया कि स्टाफ हड़ताल पर है। दवा और पर्ची काउंटर पर भी घंटों तक मरीज परेशान रहे। यहां वार्ड ब्वॉय ने पर्ची काटी।
संविदा कर्मचारियों की संविदा समाप्ति के आदेश उच्चाधिकारियों के हैं। जिला अस्पताल में कर्मचारियों की स्थिति क्या है इसकी जानकारी उच्चाधिकारियों को दी जा चुकी है। जो स्टाफ मौजूद है उससे काम कराया जा रहा है।
-डॉ. अशोक कुमार, प्रभारी सीएमएस