एटा। गुरुवार को जेल चिकित्सक ने चार सैंपल जिला अस्पताल पैथोलॉजी में जांच के लिए भेजे थे, जिनमें से एक में डेंगू की पुष्टि हुई है। डेंगू की पुष्टि होने से जेल के बंदियों में डेंगू लार्वा को लेकर हड़कंप मचा हुआ है।
जिला कारागार मेें ज्यादातर निरुद्ध बंदी फीवर वायरल की चपेट में आ गए हैं। बुखार से जूझ रहे बंदियों में मलेरिया, डेंगू अथवा चिकुनगुनिया पाया जा रहा है। इसको लेकर हर रोज जांच जिला अस्पताल की पैथोलॉजी में जांच को पहुंच रही है। गुरुवार को भी जेल से डा. विकास यादव ने चार सैंपल भेजे, जिसमें बंदी अर्जुन पुत्र अजीत कुमार में डेंगू की पुष्टि जेल डाक्टर द्वारा की गई है। इनका कहना है कि जेल में निरुद्ध बंदियों में संक्रामक बुखार पैदा हो रहा है। कई-कई दिनों तक बुखार से पीड़ित बंदियों में मलेरिया, चिकुनगुनिया, डेंगू होने की संभावनाएं बढ़ जाती है। ऐसी स्थिति में गंभीर बीमारियों की जांच करानी पड़ती है। गुरुवार को भी चार बंदियों के सैंपल पैथोलॉजी भेजे गए थे, जिसमें से एक बंदी को आईजीएम पॉजिटिव आया है। जिससे डेंगू की पुष्टि होती है और उसका उपचार भी डेंगू का किया जाएगा।
जिला अस्पताल की हुई 253 जांच
जिला अस्पताल की ओपीडी से 253 मरीजों की जांच कराई गई, जिसमें एक डेंगू तथा 215 मलेरिया की जांचें कराई गई। जिसमें दो मलेरिया पॉजिटिव आई हैं। पीलिया रोग ने भी लोगों को काफी संख्या में जकड़ लिया है।