उत्तर प्रदेश के आगरा में बृहस्पतिवार को पशु बाड़े में आग से 45 बकरियां जिंदा जल गईं और 15 झुलस गईं। आग बुझाने में एक किशोर सहित तीन लोग भी झुलस गए। सूचना पर पहुंची दो दमकलों ने एक घंटे में आग पर काबू पाया। आग लगने का कारण पता नहीं चल सका है। पुलिस जांच कर रही है।
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घटना सिकंदरा थाना क्षेत्र के अकबरा गांव की है। गांव निवासी प्रयाग सिंह बघेल का 200 वर्ग मीटर में पशु बाड़ा है। उन्होंने बाड़े में एक कमरा बना रखा था। बाहर टिनशेड पर छप्पर डाला हुआ था। परिजन ने पुलिस को बताया कि बृहस्पतिवार सुबह 9:30 बजे परिवार के लोग खेत पर फसल काटने गए थे। तभी छप्पर में आग लग गई।
देखते ही देखते लपटों ने पूरे बाड़े को चपेट में ले लिया। बाड़े में बंधी बकरियों की आवाज सुनकर लोग जुट गए। मगर, आग पर काबू नहीं पाया जा सका। प्रयाग सिंह, उनके बेटे संजय, राजू और 15 वर्षीय किशोर बकरियों को निकालने लगे। इस दौरान आग से हाथ झुलस गए। सूचना पर थाना सिकंदरा की फोर्स और दो दमकल पहुंच गईं। तब कहीं एक घंटे में आग पर काबू किया जा सका।
थाना सिकंदरा के प्रभारी निरीक्षक नीरज शर्मा ने बताया कि लोगों से आग लगने का कारण जानने का प्रयास किया गया। कुछ लोगों का कहना था कि जलती हुई बीड़ी फेंके जाने से छप्पर ने आग पकड़ी, जबकि कुछ लोगों का कहना था कि आग शॉर्टसर्किट से लगी है। पुलिस जांच कर रही है।
आईएसबीटी पर खड़ी बस और ट्रक में लगी आग
ट्रांसपोर्ट नगर स्थित आईएसबीटी के बाहर बृहस्पतिवार सुबह खाली बस और एक ट्रक में भीषण आग लग गई। लपटें निकलने पर लोग जुट गए। आग बुझाने के प्रयास किए, लेकिन सफलता नहीं मिलीं। दमकल ने एक घंटे में आग बुझाई।
एफएसओ सोमदत्त सोनकर ने बताया कि आग सुबह 6:30 बजे लगी थी। आईएसबीटी के पिछले गेट पर सीज बस खड़ी हुई थी। अचानक बस से लपटें निकलने लगीं। यह देखकर लोग आ गए। मगर, कुछ ही देर में लपटें पास खड़े एक ट्रक तक पहुंच गईं। सूचना पर दमकल ने पहुंचकर आग बुझाई। दोनों वाहनों के आधे हिस्से जल गए। आशंका है कि जलती हुई सिगरेट या कुछ और फेंके जाने से आग लगी। जांच की जा रही है।
अग्निशमन विभाग ने अग्नि सुरक्षा सप्ताह के तहत हास्पिटल और सरकारी कार्यालयों में आग से बचाव की जानकारी दी। अग्निशमन यंत्र चलाने के बारे में बताया। एफएसओ सोमदत्त सोनकर ने बताया कि फायरमैन राजेश मिश्रा, जितेंद्र सिंह सोलंकी, राजा मयंक गौतम ने रघुनाथ कांप्लेक्स स्थित केपी इंस्टीटयूट ऑफ मेडिकल साइंसेज में मॉक ड्रिल की।
कर्मचारियों को बताया गया कि वह आग लगने पर स्वयं अपना और दूसरों का बचाव कर सकते हैं। आग लगने पर घबराएं नहीं। पहले बचने का रास्ता देखें। सुरक्षित जगह पर पहुंचने के बाद आग बुझाने के लिए कदम उठाएं। अग्निशमन यंत्रों को चलाने का प्रशिक्षण लेते रहे हैं। अग्निशमन विभाग को जानकारी दें।