विशेष जांच दल (एसआईटी) की सूची में शामिल डॉ. भीमराव आंबेडकर विश्वविद्यालय के बीएड सत्र 2004-05 के फर्जी प्रमाणपत्र वाले आगरा जिले के 29 परिषदीय शिक्षकों के नाम मानव संपदा पोर्टल के रिकॉर्ड में पाए गए हैं।
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शासन स्तर से इनकी सूची बेसिक शिक्षा अधिकारी को उपलब्ध कराई है। इन शिक्षकों का रिकॉर्ड देखा जाएगा। शासन स्तर पर मानव संपदा के रिकॉर्ड से प्रदेश के विभिन्न जिलों के 342 फर्जी शिक्षकों के नाम चिह्नित किए हैं। जिनका नाम एसआईटी की सूची में हैं।
सूची में संबंधित ब्लाक और विद्यालय का नाम, जन्मतिथि, ई-एचआरएमस कोड भी दिया हुआ है। इन शिक्षकों का नाम पोर्टल से हटाया जाना है। यह देखा जाएगा कि जिले में एसआईटी की सूची से चिह्नित शिक्षकों की सूची में इनका नाम शामिल है या नहीं।
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सूची में 12 ब्लाकों के शिक्षकों का नाम
अछनेरा ब्लाक के बलवीर सिंह, हेमा रानी, संतोष कुमार, अकोला के कौशलेंद्र सिंह राठौर, बाह ब्लाक के प्रवेश प्रताप सिंह, बिचपुरी ब्लाक के बबिता कुमारी, राजेश कुमार, फतेहाबाद ब्लाक के सुरेंद्र प्रताप सिंह, तरुन कुमार, रतन कुमार, मीना, फतेहपुर सीकरी ब्लाक के सतीश चंद्रा, राकेश, राजकुमारी, जगनेर ब्लाक के अशोक कुमार, सुरेंद्र सिंह, नितेश कुमार, खंदौली ब्लाक की इंद्रवती, सुमन, संजय कुमार, खेरागढ़ ब्लाक के लाखन सिंह, हेमंत कुमार, रवि प्रकाश, मिथलेश व धर्मेंद्र कुमार, पिनाहट ब्लाक के माया प्रकाश, सैंया ब्लाक की कृष्णलता यादव, शमसाबाद ब्लाक के राम बहादुर सिंह, निर्मला का नाम सूची में शामिल हैं।
बेसिक शिक्षा अधिकारी राजीव कुमार ने बताया कि एसआईटी की सूची से जिले में चिह्नित 249 फर्जी व टेंपर्ड प्रमाणपत्र वाले शिक्षकों की सूची से पोर्टल के रिकॉर्ड से तलाशे गए 29 फर्जी शिक्षकों के नामों का मिलान किया जाएगा। यदि सूची से इतर किसी शिक्षक का नाम मिलता है तो उसका तत्काल वेतन रोककर कार्रवाई की जाएगी। 249 में से 24 शिक्षकों को बर्खास्त किया जा चुका है। बाकी सभी का वेतन रोका गया है।
फर्जी शिक्षकों की संख्या बढ़ने की आशंका
जिले में फर्जी शिक्षकों की संख्या 249 से और बढ़ने की आशंका जताई जा रही है। पहले भी सवाल खड़े होते रहे हैं कि एसआईटी की सूची में शामिल सभी शिक्षकों के नाम 249 की सूची में नहीं है। विभाग ने फर्जी शिक्षकों के नाम मानव संपदा पोर्टल से हटाने के निर्देश भी दिए थे। फिर ये 29 नाम पोर्टल पर कैसे रह गए, यह जांच के बाद पता चलेगा।