कासगंज। हाईकोर्ट द्वारा निकाय चुनाव नवंबर माह में कराने के निर्देश के बाद राजनीतिक दलों और दावेदारों के बीच सरगर्मियां तेज हो गई हैं। सभी पार्टियों ने बैठक कर अपनी रणनीति पर कवायद तेज कर दी है।
गौरतलब है कि निकाय अध्यक्षों का कार्यकाल अगस्त में समाप्त हो चुका है और निकायों का संचालन अधिशासी अधिकारियों द्वारा किया जा रहा है। नगर की पालिका पर भाजपा का कब्जा था। वहीं सोरों नगरपालिका पर निर्दलीय उम्मीदवार का कब्जा था। वहीं गंजडुंडवारा नगरपालिका पर सपा का कब्जा था। अब निकाय चुनाव की घोषणा के बाद भाजपा में नगरपालिका और नगर पंचायत के अध्यक्ष पदों एवं सभासदों के लिए दावेदारों में उठापटक तेज हो गई है। कांग्रेस पार्टी में भी चुनाव की तैयारियां तेज हो गई हैं।
निकायों में आरक्षण की स्थिति स्पष्ट न होने के कारण अभी हर वर्ग के लोग अपनी दावेदारी जता रहे हैं। आरक्षण की स्थिति स्पष्ट होने के बाद दावेदारों की संख्या भी घटेगी। वहीं निर्दलीय दावेदार भी निकाय चुनाव की तैयारियों में जुट गए हैं।
समाजवादी पार्टी चुनाव के लिए पूरी तरह से तैयार है। राष्ट्रीय अध्यक्ष के निर्देशों का इंतजार है। हर नगरपालिका और निकायों पर चुनाव लडने के इच्छुक लोग अपना दावा कर रहे हैं,लेकिन पार्टी के निर्देशों के अनुरूप ही कार्य किया जाएगा- देवेंद्र सिंह यादव, पूर्व सांसद एवं सपा जिलाध्यक्ष
भारतीय जनता पार्टी निकाय चुनावों को लेकर पूरी तरह से सक्रिय है। पार्टी में दावेदार अधिक हैं,लेकिन आरक्षण के बाद स्थिति स्पष्ट होगी। पार्टी की तैयारी पूरी है- शरद गुप्ता,भाजपा नगर अध्यक्ष
बहुजन समाज पार्टी निकाय चुनाव को लेकर गंभीर है। प्रत्येक वार्ड में कमेटियों का गठन किया जा रहा है। वार्ड स्तर पर भी कमेटियां सक्रिय रहेंगी। पूरी तैयारी के साथ चुनाव लड़ा जाएगा- डीपी राना,बसपा जिलाध्यक्ष
कांग्रेस का जिले में अच्छा प्रदर्शन रहा है। इस बार भी पूरी ताकत के साथ निकाय चुनाव लड़ा जाएगा। इसके लिए तैयारियां लगातार चल रहीं हैं- डा. शशिलता चौहान,कांग्रेस जिलाध्यक्ष